Himachal Roads: हिमाचल की सड़कों को मिलेगी रफ्तार, सड़क और सुरंग परियोजनाओं को केंद्र से बड़ी मंजूरी

Himachal Roads: हिमाचल की सड़कों को मिलेगी रफ्तार, सड़क और सुरंग परियोजनाओं को केंद्र से बड़ी मंजूरी
नई दिल्ली। हिमाचल प्रदेश में सड़क संपर्क को मजबूत बनाने और यातायात को अधिक सुगम बनाने के लिए केंद्र सरकार ने कई महत्वपूर्ण सड़क और सुरंग परियोजनाओं को आगे बढ़ाने का भरोसा दिया है। राज्य की प्रमुख परियोजनाओं पर नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह के बीच हुई बैठक में विस्तार से चर्चा हुई। बैठक के बाद कई परियोजनाओं को सैद्धांतिक मंजूरी मिलने से प्रदेश के विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है।
बैठक में एनएच-305 पर स्थित सैंज-लुहरी-बंजार-औट मार्ग के बंजार-औट हिस्से की मरम्मत और टारिंग के लिए 25.11 करोड़ रुपये की सैद्धांतिक मंजूरी दी गई। इस परियोजना के पूरा होने से स्थानीय लोगों और पर्यटकों को बेहतर सड़क सुविधा मिलेगी तथा क्षेत्र में आवागमन अधिक सुरक्षित और तेज होगा।
इसके अलावा लंबे समय से प्रतीक्षित जलोड़ी टनल परियोजना को भी बड़ी राहत मिली है। करीब 1,775 करोड़ रुपये की लागत वाली इस महत्वाकांक्षी सुरंग परियोजना की स्वीकृति प्रक्रिया को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। इस टनल के बनने से कई क्षेत्रों के बीच यात्रा का समय कम होगा और वर्षभर बेहतर संपर्क सुनिश्चित हो सकेगा।
बैठक में एनएच-303 पर नगरोटा बगवां-रानीताल सड़क परियोजना के लिए 395 करोड़ रुपये की सैद्धांतिक सहमति भी प्रदान की गई। इस सड़क के विकसित होने से कांगड़ा क्षेत्र में यातायात व्यवस्था मजबूत होगी और लोगों को बेहतर कनेक्टिविटी का लाभ मिलेगा।
इसके साथ ही केंद्रीय सड़क एवं अवसंरचना निधि (CRIF) के तहत 239.45 करोड़ रुपये की दो सड़क परियोजनाओं को पहले ही मंजूरी मिल चुकी है। राज्य सरकार का मानना है कि इन सभी परियोजनाओं के पूरा होने से हिमाचल प्रदेश में सड़क नेटवर्क को नई मजबूती मिलेगी, पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी गति मिलेगी।




