Vivek Vihar Fire Incident: दिल्ली में चार मंजिला इमारत में भीषण आग से 9 लोगों की मौत, बंद छत बना मौत का जाल

Vivek Vihar Fire Incident: दिल्ली में चार मंजिला इमारत में भीषण आग से 9 लोगों की मौत, बंद छत बना मौत का जाल
रिपोर्ट: रवि डालमिया
पूर्वी दिल्ली के शाहदरा स्थित विवेक विहार इलाके में बीती रात एक दर्दनाक हादसे ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया, जहां एक चार मंजिला इमारत में लगी भीषण आग ने नौ लोगों की जान ले ली। शुरुआती जांच में सामने आया है कि तीसरी मंजिल पर लगे एसी में शॉर्ट सर्किट के कारण आग भड़की, जिसने कुछ ही मिनटों में पूरे फ्लोर को अपनी चपेट में ले लिया और धीरे-धीरे पूरी इमारत में फैल गई।
आग लगने के बाद इमारत में अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए ऊपर की ओर भागने लगे, लेकिन छत का दरवाजा बंद होने के कारण वे बाहर नहीं निकल सके। यही बंद रास्ता कई लोगों के लिए मौत का कारण बन गया। जहरीले धुएं और आग की लपटों के बीच फंसे लोग बेहोश हो गए और दम घुटने से उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं। करीब 15 फायर टेंडरों ने लगभग तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान 15 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया, जिनमें से दो लोग मामूली रूप से घायल हुए और उन्हें जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया गया। मौके पर वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी भी पहुंचे और राहत व बचाव कार्य की निगरानी की।
इस हादसे में सबसे ज्यादा प्रभावित एक ही परिवार रहा, जिसके पांच सदस्यों की मौत हो गई। तीसरी मंजिल पर रहने वाले अरविंद जैन, उनकी पत्नी अनिता जैन, बेटा निशांत जैन और बहू आंचल जैन सहित परिवार के सदस्य आग और धुएं की चपेट में आ गए। बताया गया कि निशांत जैन पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट थे, जबकि उनकी पत्नी बैंक में मैनेजर के पद पर कार्यरत थीं। यह परिवार करीब एक साल पहले ही इस इमारत में रहने आया था।
चौथी मंजिल पर रहने वाले नितिन जैन का परिवार भी इस त्रासदी से बच नहीं सका। नितिन जैन, उनकी पत्नी शेली जैन और बेटे समय्यक जैन की भी दम घुटने से मौत हो गई। जानकारी के अनुसार, ये सभी लोग जान बचाने के लिए छत की ओर भागे थे, लेकिन दरवाजा बंद होने के कारण बाहर नहीं निकल सके और धुएं में फंसकर उनकी जान चली गई। एक अन्य महिला शिखा जैन का शव भी इमारत के अलग फ्लोर से बरामद किया गया।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि इमारत के अलग-अलग फ्लोर से शव बरामद हुए हैं, जिनमें दूसरी मंजिल से पांच, तीसरी मंजिल से एक और छत के पास से तीन शव मिले हैं। तड़के करीब 3:48 बजे पीसीआर कॉल के जरिए पुलिस को इस हादसे की सूचना मिली थी, जिसके बाद तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया।
फिलहाल पुलिस और फायर विभाग आग लगने के कारणों की विस्तृत जांच कर रहे हैं। शुरुआती तौर पर शॉर्ट सर्किट को वजह माना जा रहा है, लेकिन अन्य संभावित कारणों को भी खंगाला जा रहा है। इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर बहुमंजिला इमारतों में सुरक्षा व्यवस्था, फायर सेफ्टी और आपातकालीन निकास के इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है और इस घटना ने हर किसी को झकझोर दिया है। एक छोटी सी लापरवाही और बंद छत का दरवाजा नौ जिंदगियों पर भारी पड़ गया, जिससे यह हादसा लंबे समय तक लोगों के जहन में बना रहेगा।
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