Noida Roads: चार साल से पहले उखड़ी नोएडा की सड़कों की होगी जांच, लापरवाही पर एजेंसी होगी ब्लैकलिस्ट
नोएडा। शहर में समय से पहले खराब हो रही सड़कों को लेकर नोएडा प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाया है। शहर की कई सड़कों पर गहरे गड्ढे हो गए हैं और एक-दो साल पहले बनी सड़कों की गिट्टियां तक उखड़ने लगी हैं। लोगों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए प्राधिकरण के सीईओ कृष्णा करुणेश ने चार साल से पहले जर्जर होने वाली सड़कों की गुणवत्ता की जांच कराने के निर्देश दिए हैं।
प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक, शहर की आंतरिक सड़कों से लेकर मुख्य मार्गों तक कई स्थानों पर सड़कें खराब स्थिति में हैं। लोगों का आरोप है कि शिकायत करने के बावजूद कई जगह मरम्मत नहीं कराई जा रही है। वहीं, कुछ सड़कें ऐसी भी हैं, जिन्हें बने अभी एक या दो साल ही हुए हैं और उनकी हालत खराब हो चुकी है।
नोएडा प्राधिकरण के सीईओ कृष्णा करुणेश ने स्पष्ट किया कि प्राधिकरण सामान्य तौर पर चार साल से पहले सड़कों की मरम्मत नहीं कराता है। ऐसे में यदि कोई सड़क चार साल की अवधि पूरी होने से पहले ही जर्जर हो जाती है तो उसकी गुणवत्ता की जांच कराई जाएगी। जांच में निर्माण कार्य में लापरवाही या गुणवत्ता में कमी मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और उसे ब्लैकलिस्ट भी किया जा सकता है।
सीईओ ने बताया कि फिलहाल बारिश के मौसम के कारण शहर की सड़कों का व्यापक स्तर पर निर्माण या पुनर्निर्माण नहीं कराया जा रहा है। बारिश के दौरान सड़क बनाने से काम की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। हालांकि, जिन स्थानों पर गहरे गड्ढे हो गए हैं, वहां तत्काल गड्ढों को भरने का काम कराया जा रहा है।
उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया है कि गड्ढे भरने के काम में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। यदि किसी स्थान पर शिकायत मिलने के बावजूद गड्ढे नहीं भरे गए या खानापूर्ति की गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
प्राधिकरण अब समय से पहले खराब हुई सड़कों की सूची तैयार कर उनकी स्थिति और निर्माण की गुणवत्ता की जांच कराने की तैयारी में है। जांच के बाद जिम्मेदारी तय होने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

