Himachal Environment Drive: मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शुरू किया चिनार वृक्षारोपण अभियान

Himachal Environment Drive: मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शुरू किया चिनार वृक्षारोपण अभियान
सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर शिमला के ओक ओवर में चिनार वृक्षारोपण अभियान के प्रथम चरण का शुभारंभ किया। इस अभियान का उद्देश्य राज्य में हरित क्षेत्र का विस्तार करना और लोगों के बीच पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चिनार का वृक्ष अपनी घनी छाया, सुंदरता और पर्यावरणीय महत्व के लिए जाना जाता है तथा यह शिमला की जलवायु के लिए बेहद उपयुक्त माना जाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास को लेकर गंभीर है तथा आने वाले समय में ऐसे अभियानों को और व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने वानिकी, पर्यावरण प्रबंधन और ईको-टूरिज्म से संबंधित कई महत्वपूर्ण प्रकाशनों का भी विमोचन किया। इनमें वन विभाग के अग्रिम पंक्ति के कर्मचारियों के लिए तैयार की गई फील्ड हैंडबुक ‘वन बोध’ प्रमुख रही। इसके अलावा प्रधान मुख्य अरण्यपाल डॉ. संजय सूद द्वारा लिखित ‘एनवायरनमेंटल मैनेजमेंट एंड रेगुलेशंस’ पुस्तक का भी लोकार्पण किया गया।
मुख्यमंत्री ने ‘फॉरेस्ट्री प्रोजेक्ट्स: फॉरेस्ट कंजर्वेशन, लाइवलीहुड इम्प्रूवमेंट एंड इंटीग्रेटेड डेवलपमेंट’ नामक प्रकाशन का विमोचन भी किया, जिसमें जेआईसीए, केएफडब्ल्यू और आईडीपी परियोजनाओं के तहत किए जा रहे कार्यों का विवरण शामिल है। इसके साथ ही हिमाचल प्रदेश के 75 ईको-टूरिज्म स्थलों पर आधारित एक आकर्षक कॉफी टेबल बुक भी जारी की गई, जिसमें राज्य के प्रमुख पर्यावरणीय पर्यटन स्थलों की जानकारी दी गई है।
मुख्यमंत्री ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि ये प्रकाशन वन विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों, शोधकर्ताओं, नीति निर्माताओं और पर्यावरण संरक्षण में रुचि रखने वाले लोगों के लिए बेहद उपयोगी साबित होंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि ये पुस्तकें वन प्रबंधन, जैव विविधता संरक्षण और ईको-टूरिज्म के क्षेत्र में ज्ञान और जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण में युवाओं की भूमिका सबसे अहम है। उन्होंने युवाओं को राष्ट्र का भविष्य बताते हुए पर्यावरण की सुरक्षा और संरक्षण के लिए आगे आने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और हरित वातावरण देना हम सभी की जिम्मेदारी है।
विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में मुख्यमंत्री ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पोर्टमोर के विद्यार्थियों और ‘चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट’ के बच्चों को पौधे भी वितरित किए। इस दौरान बच्चों को पर्यावरण संरक्षण और वृक्षारोपण के महत्व के बारे में भी जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में विधायक विनोद सुल्तानपुरी, सुदर्शन बबलू और हरदीप बावा, सुरेन्द्र चौहान, हिमाचल प्रदेश राज्य वन विकास निगम के उपाध्यक्ष के.एस. खाची, एचपीसीसी महासचिव विनोद जिंटा, मुख्य सचिव के.के. पंत सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।





