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Indian Navy Chief: भारतीय नौसेना की कमान अब एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन के हाथों में, बने देश के 27वें नौसेना प्रमुख

Indian Navy Chief: भारतीय नौसेना की कमान अब एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन के हाथों में, बने देश के 27वें नौसेना प्रमुख

नई दिल्ली, 31 मई। भारतीय नौसेना को नया नेतृत्व मिल गया है। एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन ने शनिवार को देश के 27वें नौसेना प्रमुख (चीफ ऑफ नेवल स्टाफ) के रूप में पदभार ग्रहण कर लिया। उन्होंने एडमिरल दिनेश कुमार त्रिपाठी का स्थान लिया है, जिन्होंने भारतीय नौसेना में 41 वर्षों की उत्कृष्ट और समर्पित सेवा देने के बाद सेवानिवृत्ति प्राप्त की। इस नियुक्ति के साथ भारतीय नौसेना को एक ऐसे अनुभवी अधिकारी का नेतृत्व मिला है, जिन्होंने अपने लंबे सैन्य जीवन में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है।

एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन को भारतीय नौसेना के सबसे अनुभवी अधिकारियों में गिना जाता है। 1 जुलाई 1987 को भारतीय नौसेना में कमीशन प्राप्त करने वाले स्वामीनाथन संचार एवं इलेक्ट्रॉनिक युद्धकला के विशेषज्ञ हैं। लगभग चार दशक के अपने सैन्य करियर में उन्होंने नौसेना के परिचालन, प्रशिक्षण, रणनीतिक योजना और मानव संसाधन प्रबंधन से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण क्षेत्रों में योगदान दिया है। उनकी पेशेवर दक्षता और नेतृत्व क्षमता ने उन्हें नौसेना के शीर्ष पद तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

अपने लंबे सेवा काल के दौरान उन्होंने भारतीय नौसेना के कई प्रमुख युद्धपोतों की कमान संभाली। इनमें आईएनएस विद्युत, आईएनएस विनाश, आईएनएस कुलिश, आईएनएस मैसूर और भारत के प्रमुख विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रमादित्य शामिल हैं। समुद्री अभियानों और रणनीतिक संचालन में उनके व्यापक अनुभव को भारतीय नौसेना की एक बड़ी ताकत माना जाता है।

वरिष्ठ अधिकारी के रूप में एडमिरल स्वामीनाथन ने कई अहम प्रशासनिक और परिचालन जिम्मेदारियां निभाईं। रियर एडमिरल और वाइस एडमिरल के रूप में उन्होंने पश्चिमी बेड़े के कमांडर, फ्लैग ऑफिसर सी ट्रेनिंग, चीफ ऑफ पर्सोनल, वाइस चीफ ऑफ द नेवल स्टाफ तथा पश्चिमी नौसैनिक कमान के प्रमुख जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया। नौसेना प्रमुख नियुक्त होने से पहले वे पश्चिमी नौसैनिक कमान के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे।

राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) के पूर्व छात्र एडमिरल स्वामीनाथन ने अमेरिका के प्रतिष्ठित नेवल वॉर कॉलेज से भी उच्च सैन्य शिक्षा प्राप्त की है। राष्ट्र की सुरक्षा और नौसेना के विकास में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए उन्हें परम विशिष्ट सेवा पदक (PVSM), अति विशिष्ट सेवा पदक (AVSM) और विशिष्ट सेवा पदक (VSM) सहित कई प्रतिष्ठित सैन्य सम्मानों से सम्मानित किया जा चुका है।

रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन के नेतृत्व में भारतीय नौसेना के आधुनिकीकरण, स्वदेशीकरण और समुद्री सुरक्षा क्षमताओं को नई दिशा मिलेगी। हिंद महासागर क्षेत्र में बढ़ती रणनीतिक चुनौतियों और बदलते वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य के बीच उनका अनुभव भारतीय नौसेना को और अधिक सशक्त एवं आधुनिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। देश को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में भारतीय नौसेना नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगी और समुद्री सीमाओं की सुरक्षा को और मजबूत बनाएगी

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