
Bihar (मृत्युंजय) : नीट यूजी पुनर्परीक्षा फर्जीवाड़ा मामले में पुलिस ने अब तक 30 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार लोगों में नौ फर्जी परीक्षार्थी, तीन मूल परीक्षार्थी और 18 बायोमेट्रिक कर्मी शामिल हैं। मुख्य सरगना अब भी पुलिस की गिरफ्त से फरार है और उसकी तलाश जारी है। फर्जीवाड़ा मामले में जिले के दो थानों में तीन प्राथमिकी दर्ज हुई हैं, जिनमें दो कवैया थाना और एक किऊल थाना में दर्ज की गई है।
लखीसराय में इस मामले को लेकर डीएम शैलेंद्र कुमार और एसपी प्रेरणा कुमार ने समाहरणालय स्थित मंत्रणा कक्ष में प्रेसवार्ता कर जानकारी दी। उन्होंने संयुक्त रूप से बताया कि जिले के चार परीक्षा केंद्रों पर नीट पुनर्परीक्षा आयोजित की गई थी और स्वच्छ एवं कदाचार मुक्त परीक्षा के समापन के लिए प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर केंद्राधीक्षक, दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी के साथ पर्याप्त बल की प्रतिनियुक्ति की गई थी। कुछ परीक्षा केंद्रों पर मूल परीक्षार्थी के स्थान पर फर्जी, स्कॉलर और डमी परीक्षार्थियों को बैठाने का प्रयास किया जा रहा था।
अनुमंडल पदाधिकारी और एसडीपीओ के नेतृत्व में एक टीम गठित कर परीक्षा केंद्रों पर गहन जांच-पड़ताल की गई। उक्त सत्यापन के क्रम में लखीसराय के तीन परीक्षा केंद्रों केआरके हाईस्कूल, केंद्रीय विद्यालय और उच्च विद्यालय हसनपुर से गिरफ्तारियां की गईं। केंद्रीय विद्यालय से 15, हसनपुर हाईस्कूल से नौ और केआरके हाईस्कूल से सात फर्जी परीक्षार्थी व बायोमेट्रिक कर्मी सहित अन्य लोगों को गिरफ्तार किया गया है। शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए जिला प्रशासन लगातार छापेमारी कर रहा है।





