उत्तर प्रदेश : 64 लाख की लूट के बाद हड़कंप, डीआईजी मेरठ रेंज की सख्ती, कोतवाली प्रभारी समेत तीन पुलिसकर्मी निलंबित

Hapur News : हापुड़ में शनिवार को एनएच 9 पर हुई 64 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट के मामले ने पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है। इस वारदात को गंभीरता से लेते हुए डीआईजी मेरठ रेंज कलानिधि नैथानी ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने पिलखुवा कोतवाली प्रभारी निरीक्षक श्यौपाल सिंह सहित दो चौकी प्रभारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इस कार्रवाई से पुलिस विभाग में अफरा तफरी का माहौल बना हुआ है।
डीआईजी ने स्पष्ट किया कि अपराध नियंत्रण में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनता की सुरक्षा सर्वोपरि है और पुलिस अधिकारियों की जिम्मेदारी है कि वे क्षेत्र में सक्रिय निगरानी, सतर्क गश्त और अपराधियों पर प्रभावी अंकुश सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि आगे और भी सख्त कार्रवाई हो सकती है।
यह कार्रवाई अपराध एवं अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण न कर पाने, प्रमुख आवागमन मार्गों पर समुचित निगरानी न रखने तथा सतर्क गश्त और पिकेट ड्यूटी सुनिश्चित न करने जैसी गंभीर चूकों के चलते की गई है। निलंबित किए गए अधिकारियों में थाना प्रभारी पिलखुवा निरीक्षक श्यौपाल सिंह, चौकी प्रभारी छिजारसी उपनिरीक्षक महन्तराज यादव और चौकी प्रभारी एचपीडीए उपनिरीक्षक जितेन्द्र कुमार शामिल हैं।
घटना के बाद आनन-फानन में एडीजी भानु भास्कर, डीआईजी कलानिधि नैथानी और अपर पुलिस अधीक्षक विनीत भटनागर पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे। अधिकारियों ने पीड़ित व्यापारी से घटना की जानकारी ली और जांच के निर्देश दिए।
जानकारी के अनुसार राजस्थान के सीकर निवासी चावल व्यापारी राकेश राजपूत अपने पार्टनर वैभव शुक्ला के पास हापुड़ आए थे। उन्होंने हापुड़ की रेलवे रोड स्थित एचडीएफसी बैंक से 64 लाख रुपये निकाले और बाइक से दिल्ली के लिए रवाना हो गए। जैसे ही वह एनएच 9 पर पिलखुवा कोतवाली क्षेत्र में पहुंचे, तभी स्कूटी सवार तीन बदमाशों ने हथियारों के बल पर उनसे रुपये लूट लिए और मौके से फरार हो गए।
इस पूरे प्रकरण की जांच और अनुशासनिक कार्रवाई की पत्रावली एडिशनल एसपी हापुड़ को सौंपी गई है। साथ ही क्षेत्राधिकारी द्वारा किए गए शिथिल पर्यवेक्षण की भी जांच के आदेश दिए गए हैं।
लूट की वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों की तलाश में हापुड़ जनपद की आठ टीमें, बुलंदशहर की छह टीमें तथा मेरठ और बागपत की पुलिस टीमें लगाई गई हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और मामले का खुलासा किया जाएगा।





