Noida Police Honoured: छह वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म-हत्या मामले में कार्रवाई के लिए पुलिस सम्मानित, मुस्लिम समाज ने जताया आभार
नोएडा। छह वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म और हत्या के मामले में आरोपी बलराज के खिलाफ की गई पुलिस कार्रवाई के बाद नोएडा पुलिस के अधिकारियों को मुस्लिम समाज के लोगों ने सम्मानित किया। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह, डीसीपी सेंट्रल नोएडा और एडीसीपी स्वतंत्र सिंह को सम्मानित करते हुए पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की दिशा में की गई त्वरित कार्रवाई के लिए पुलिस की प्रशंसा की गई।
मुस्लिम समाज के लोगों ने पुलिस अधिकारियों का सम्मान करते हुए कहा कि मासूम बच्ची के साथ हुई घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया था। मामले में पुलिस की ओर से तेजी से की गई जांच और कार्रवाई के लिए अधिकारियों एवं पुलिस टीम के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
पुलिस की कार्रवाई के दौरान मामले का मुख्य आरोपी बलराज मुठभेड़ में मारा गया था। सम्मान करने पहुंचे लोगों ने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने और मामले में तेजी से कार्रवाई करने के पुलिस के प्रयासों की सराहना की।
यह मामला ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र के हल्दौनी इलाके से जुड़ा है। यहां 28 तारीख को छह वर्षीय बच्ची के लापता होने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की थी।
जांच के दौरान पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। पुलिस के मुताबिक फुटेज में आरोपी बलराज बच्ची को अपने साथ ले जाता दिखाई दिया था। बाद की फुटेज में वह बोरे में कुछ सामान लेकर जाता भी नजर आया था।
सीसीटीवी फुटेज और अन्य जानकारियों के आधार पर पुलिस की जांच बलराज तक पहुंची। इसके बाद उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।
पुलिस के अनुसार पूछताछ में बलराज ने बच्ची के साथ दुष्कर्म और हत्या करने की बात स्वीकार की थी। पुलिस का दावा है कि आरोपी ने बच्ची की हत्या करने के बाद उसके शव को बोरे में रखा और जंगल में फेंक दिया था।
जांच के दौरान पुलिस आरोपी को घटना में इस्तेमाल चाकू बरामद कराने के लिए अपने साथ लेकर गई थी। इसी दौरान घटनाक्रम ने नया मोड़ ले लिया।
पुलिस के मुताबिक बलराज ने एक पुलिसकर्मी की पिस्टल छीन ली और पुलिस टीम पर गोली चला दी। गोली लगने से एक पुलिसकर्मी घायल हो गया था।
इसके बाद पुलिस की ओर से जवाबी कार्रवाई की गई। मुठभेड़ में बलराज को गोली लगी और वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। इसके बाद पुलिस ने मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की।
पुलिस के मुताबिक बलराज का पुराना आपराधिक इतिहास भी था और उसके खिलाफ पहले से हत्या तथा यौन अपराध से संबंधित मामले दर्ज थे। उसके आपराधिक इतिहास से जुड़े रिकॉर्ड को भी जांच में शामिल किया गया।
मासूम बच्ची के साथ हुई घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश था। पीड़ित परिवार के साथ क्षेत्र के लोग भी मामले में कठोर कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
पुलिस की कार्रवाई के बाद मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों ने अधिकारियों से मुलाकात कर उनका सम्मान किया। उन्होंने कहा कि गंभीर अपराध के मामले में त्वरित कार्रवाई से लोगों का कानून-व्यवस्था पर भरोसा मजबूत होता है।
पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के साथ सेंट्रल नोएडा के पुलिस अधिकारियों को सम्मानित करते हुए समाज के लोगों ने पूरी पुलिस टीम के प्रयासों की सराहना की और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की दिशा में की गई कार्रवाई के लिए आभार जताया।


