Greater Noida LPG Relief: कामगारों को मिली राहत, 5 किलो छोटे गैस सिलिंडरों का वितरण शुरू

Greater Noida LPG Relief: कामगारों को मिली राहत, 5 किलो छोटे गैस सिलिंडरों का वितरण शुरू
ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले कामगारों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। रसोई गैस की किल्लत से जूझ रहे श्रमिकों की समस्या को देखते हुए इंडस्ट्रियल एंटरप्रेन्योर्स एसोसिएशन (आईईए) ने पांच किलोग्राम के छोटे एलपीजी सिलिंडरों का वितरण शुरू किया है। इस पहल से उन कामगारों को राहत मिली है, जो गैस की कमी के कारण रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने में परेशान थे।
पिछले कुछ समय से गैस की उपलब्धता न होने के कारण कई कामगारों को मजबूरन अपना काम छोड़कर अपने गृह नगर लौटना पड़ रहा था। ऐसे में इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए आईईए ने इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) और एमएसएमई ओखला कार्यालय के सहयोग से छोटे गैस सिलिंडरों के नए कनेक्शन उपलब्ध कराने का अभियान चलाया।
इस अभियान के तहत अब तक करीब 100 कामगारों को 5 किलो के छोटे सिलिंडर वितरित किए जा चुके हैं। हालांकि, मांग अधिक होने के कारण कई श्रमिकों को फिलहाल सिलिंडर नहीं मिल सके। आईईए के अध्यक्ष संजीव शर्मा ने बताया कि संगठन ने 200 सिलिंडरों की मांग की थी, लेकिन सीमित स्टॉक के कारण सभी को तुरंत सुविधा नहीं मिल पाई। उन्होंने आश्वासन दिया कि जिन कामगारों को अभी सिलिंडर नहीं मिला है, उन्हें जल्द ही उपलब्ध कराया जाएगा।
आईईए के प्रतिनिधि महिपाल चौहान ने कहा कि इस पहल का उद्देश्य अधिक से अधिक कामगारों को राहत पहुंचाना है, ताकि वे बिना किसी परेशानी के अपना काम जारी रख सकें। यह वितरण अभियान श्री चंडी गैस एजेंसी के सहयोग से आयोजित किया गया, जिसमें कई उद्यमियों और अधिकारियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।
इस दौरान आईओसीएल के प्रतिनिधि नितिन तिवारी और गैस एजेंसी से संचित कुमार सहित कई उद्योगपतियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी योगदान दिया। सभी ने मिलकर यह सुनिश्चित करने की कोशिश की कि जरूरतमंद कामगारों तक गैस की सुविधा समय पर पहुंच सके।
यह पहल न सिर्फ कामगारों के लिए राहत लेकर आई है, बल्कि यह भी दिखाती है कि कठिन परिस्थितियों में उद्योग संगठनों और प्रशासन के सहयोग से समस्याओं का समाधान निकाला जा सकता है।





