Noida: नोएडा में सड़क हादसे में इंजीनियर की मौत, दो बिल्डरों पर FIR दर्ज

Noida: नोएडा में सड़क हादसे में इंजीनियर की मौत, दो बिल्डरों पर FIR दर्ज
नोएडा में घने कोहरे के कारण हुए दर्दनाक हादसे में एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की जान चली गई। मृतक की पहचान युवराज मेहता के रूप में हुई है, जो गुरुग्राम से अपनी ग्रैंड विटारा कार से नोएडा के सेक्टर-150 स्थित टाटा यूरिका पार्क जा रहे थे। रास्ते में एटीएस ले ग्रैंड के पास अत्यधिक कोहरे और सुरक्षा इंतजामों की कमी के चलते उनकी कार अनियंत्रित होकर नाले की दीवार तोड़ते हुए नीचे जा गिरी। कार के पानी में डूब जाने से युवराज मेहता की मौके पर ही मौत हो गई।
हादसा सेक्टर-150 के एक खाली प्लॉट के पास हुआ, जहां नाले के किनारे पर्याप्त बैरीकेडिंग और चेतावनी संकेत नहीं लगे थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, फायर ब्रिगेड और राहत टीम मौके पर पहुंची। घने कोहरे के कारण दृश्यता लगभग शून्य थी, जिससे रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। फायर ब्रिगेड की क्रेन और विशेष उपकरणों की मदद से बचाव कार्य शुरू किया गया, बाद में एसडीआरएफ को भी रेस्क्यू में शामिल किया गया।
पुलिस ने मृतक के पिता राजकुमार मेहता की शिकायत के आधार पर दो बिल्डर कंपनियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। इनमें एमएजे विशटाउन प्लानर लिमिटेड और लोट्स ग्रीन कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड के नाम शामिल हैं। आरोप है कि निर्माण क्षेत्र के आसपास सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया गया, जिसके कारण यह हादसा हुआ। पुलिस ने आगे किसी भी दुर्घटना को रोकने के लिए घटना स्थल पर बैरीकेड भी लगवा दिए हैं।
अपर पुलिस आयुक्त कानून एवं व्यवस्था डॉ. राजीव नारायण मिश्र ने बताया कि यह घटना बेहद दुखद है। सूचना मिलते ही सभी एजेंसियों ने समन्वय के साथ काम किया और कठिन परिस्थितियों में रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दिया गया। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार की तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और पूरे प्रकरण की गहन जांच की जा रही है। पुलिस द्वारा रेस्क्यू ऑपरेशन से जुड़े वीडियो भी सार्वजनिक किए गए हैं, ताकि घटना की वास्तविक स्थिति सामने आ सके।
यह हादसा एक बार फिर शहरी क्षेत्रों में निर्माण स्थलों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था और जिम्मेदारी तय करने की जरूरत को रेखांकित करता है, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सके।





