ट्रेंडिंगभारत

PM Modi on Congress Growth Rate: NDA कॉन्क्लेव में कांग्रेस पर बरसे पीएम मोदी, बोले- विफलता कांग्रेस की थी, कलंक हिंदुओं पर लगाया गया

PM Modi on Congress Growth Rate: NDA कॉन्क्लेव में कांग्रेस पर बरसे पीएम मोदी, बोले- विफलता कांग्रेस की थी, कलंक हिंदुओं पर लगाया गया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने लगातार 12 वर्ष के कार्यकाल और केंद्र में एनडीए सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित एनडीए कॉन्क्लेव को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देश में दशकों तक धीमी विकास दर को बड़ी चतुराई से ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ का नाम दिया गया, जबकि वास्तव में यह कांग्रेस की नीतियों और कार्यशैली की विफलता का परिणाम था। उन्होंने कहा कि असफलता कांग्रेस की थी, जिम्मेदारी कांग्रेस की थी, लेकिन इसका ठीकरा देश की बड़ी हिंदू आबादी के सिर पर फोड़ दिया गया।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यदि पिछले 12 वर्षों में देश में व्यापक बदलाव और तेज विकास संभव हुआ है तो यह सवाल स्वाभाविक है कि इससे पहले कई दशकों तक ऐसा क्यों नहीं हुआ। उन्होंने इसे ‘कांग्रेस ग्रोथ रेट’ और ‘एनडीए ग्रोथ रेट’ के बीच का अंतर बताया। प्रधानमंत्री ने कहा कि पहले की व्यवस्था लोगों को केवल इंतजार करवाती थी, जबकि आज की व्यवस्था परिणाम देने पर केंद्रित है।

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने देश की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि 2014 में जब एनडीए को सत्ता मिली थी, तब देश के आम नागरिकों में नई आशा और विश्वास का संचार हुआ था। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लंबे शासनकाल के बाद जनता ने अपना विश्वास एनडीए को सौंपा और सरकार ने उस विश्वास को लगातार मजबूत करने का प्रयास किया है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले के कई दशक राजनीतिक अस्थिरता और अनिश्चितता से भरे रहे, जिसका देश के विकास पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा। उन्होंने कहा कि आज देश की जनता एक स्थिर और निर्णायक सरकार के कामकाज को देख रही है और उसकी सराहना भी कर रही है। उनके अनुसार, स्थिर नेतृत्व और स्पष्ट नीतियों के कारण भारत ने विकास की नई गति प्राप्त की है।

कांग्रेस पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देश को लंबे समय तक यह विश्वास दिलाने की कोशिश की गई कि भारत में तेज गति से विकास संभव ही नहीं है। उन्होंने कहा कि धीमी आर्थिक वृद्धि को ‘हिंदू ग्रोथ रेट’ कहकर प्रस्तुत किया गया, जबकि इसके लिए जिम्मेदार नीतियां और निर्णय कांग्रेस सरकारों के थे। उन्होंने कहा कि इस मानसिकता ने देश के आत्मविश्वास को नुकसान पहुंचाया और भारत को हीन भावना की ओर धकेलने का प्रयास किया।

प्रधानमंत्री मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पहली बार अटल जी के नेतृत्व में देश ने देखा था कि विकास की गति किस प्रकार बढ़ाई जा सकती है। हालांकि 2004 के बाद देश फिर कांग्रेस के शासन में चला गया और विकास की रफ्तार प्रभावित हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि उस दौरान देश को कई बड़े घोटालों का सामना करना पड़ा, जिससे विकास प्रक्रिया को नुकसान पहुंचा।

प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 में एनडीए सरकार बनने के बाद देश ने देखा कि जब नीयत, नीति और निर्णय एक साथ काम करते हैं तो विकास की गति किस प्रकार बदल जाती है। उन्होंने दावा किया कि पिछले 12 वर्षों में देश ने आधारभूत संरचना, डिजिटल तकनीक, आर्थिक सुधार, सामाजिक कल्याण और वैश्विक प्रतिष्ठा के क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की है।

एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना ही सरकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी नेताओं से विकास, सुशासन और जनसेवा के एजेंडे को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।

प्रधानमंत्री मोदी का यह संबोधन ऐसे समय आया है जब केंद्र में एनडीए सरकार के 12 वर्ष पूरे होने को लेकर देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। भाजपा और एनडीए के नेता इसे सरकार की उपलब्धियों और विकास यात्रा का महत्वपूर्ण पड़ाव बता रहे हैं।

 

Related Articles

Back to top button