Noida: NMRC के कार्यकारी निदेशक हटाए गए, कैलेंडर विवाद के बाद बड़ा प्रशासनिक फैसला

Noida: NMRC के कार्यकारी निदेशक हटाए गए, कैलेंडर विवाद के बाद बड़ा प्रशासनिक फैसला
नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए एनएमआरसी के कार्यकारी निदेशक महेंद्र प्रसाद को उनके पद से हटा दिया गया है। उनकी जगह नोएडा प्राधिकरण के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी कृष्णा करुणेश को एनएमआरसी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। अब कृष्णा करुणेश नोएडा प्राधिकरण के साथ-साथ नोएडा मेट्रो की जिम्मेदारियां भी संभालेंगे। हालांकि प्राधिकरण की ओर से इसे रूटीन प्रशासनिक बदलाव बताया जा रहा है, लेकिन इसके पीछे की वजह एनएमआरसी का 2026 का कैलेंडर मानी जा रही है।
दरअसल एनएमआरसी द्वारा छपवाए जा रहे वर्ष 2026 के कैलेंडर में कुछ ऐसी तस्वीरें प्रकाशित की गईं, जिन्हें बिना अनुमति के छापने का आरोप लगा है। इस कैलेंडर में तत्कालीन कार्यकारी निदेशक महेंद्र प्रसाद और एनएमआरसी के एमडी एवं नोएडा प्राधिकरण के सीईओ लोकेश एम की तस्वीरें शामिल थीं। ये तस्वीरें उन महीनों के पन्नों पर छपी थीं, जिनमें अधिकारियों के जन्मदिन दर्शाए गए हैं। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए प्राधिकरण स्तर पर आपत्ति जताई गई।
नोएडा प्राधिकरण के सीईओ लोकेश एम ने स्पष्ट किया कि उनकी तस्वीरें बिना किसी पूर्व अनुमति के कैलेंडर में प्रकाशित की गई हैं। उन्होंने इसे प्रशासनिक मर्यादाओं के खिलाफ बताते हुए संबंधित अधिकारियों को शो कॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही कैलेंडर की आगे की प्रिंटिंग पर भी तत्काल रोक लगा दी गई है। बताया जा रहा है कि इसी विवाद के बाद एनएमआरसी में यह अहम फैसला लिया गया।
कैलेंडर के विवरण की बात करें तो अप्रैल महीने के पेज पर एनएमआरसी के एमडी और नोएडा प्राधिकरण के सीईओ लोकेश एम की दो तस्वीरें छपी थीं। एक तस्वीर में वे सितार बजाते हुए नजर आ रहे हैं, जबकि दूसरी तस्वीर में वे एक सार्वजनिक कार्यक्रम को संबोधित करते दिखाई दे रहे हैं। लोकेश एम 2005 बैच के आईएएस अधिकारी हैं और उनका जन्मदिन 3 अप्रैल को आता है।
इसी तरह जुलाई महीने के पन्नों पर एनएमआरसी के कार्यकारी निदेशक रहे महेंद्र प्रसाद की दो तस्वीरें प्रकाशित की गई थीं। महेंद्र प्रसाद 2014 बैच के आईएएस अधिकारी हैं और उनका जन्मदिन 5 जुलाई को होता है। तस्वीरों में वे एक जगह चलते हुए और एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नजर आ रहे हैं। इन तस्वीरों को लेकर ही विवाद गहराया और अंततः प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई की गई।
प्राधिकरण सूत्रों का कहना है कि पूरे मामले की आंतरिक समीक्षा की जा रही है और भविष्य में इस तरह की चूक दोबारा न हो, इसके लिए दिशा-निर्देश भी तय किए जा सकते हैं। वहीं, कृष्णा करुणेश को एनएमआरसी का अतिरिक्त प्रभार सौंपे जाने के बाद मेट्रो संचालन और प्रशासनिक कामकाज में निरंतरता बनाए रखने पर जोर दिया जा रहा है।





