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Greater Noida West STP: ग्रेटर नोएडा वेस्ट में दिसंबर तक शुरू होगा नया एसटीपी, गंदे पानी की समस्या से मिलेगी राहत

Greater Noida West STP: ग्रेटर नोएडा वेस्ट में दिसंबर तक शुरू होगा नया एसटीपी, गंदे पानी की समस्या से मिलेगी राहत

नोएडा : ग्रेटर नोएडा वेस्ट में निर्माणाधीन सीवरेज शोधित संयंत्र (एसटीपी) का कार्य तेजी से चल रहा है और इसे दिसंबर तक चालू करने का लक्ष्य रखा गया है। प्राधिकरण अधिकारियों के अनुसार इस परियोजना का करीब 70 प्रतिशत सिविल कार्य पूरा हो चुका है, जबकि मशीनें लगाने का कार्य भी लगभग 20 प्रतिशत तक पहुंच गया है। एसटीपी शुरू होने के बाद क्षेत्र में सड़कों पर गंदा पानी बहने और सीवर ओवरफ्लो जैसी समस्याओं से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। यह ग्रेटर नोएडा वेस्ट का दूसरा बड़ा एसटीपी होगा।

प्राधिकरण के मुताबिक यह संयंत्र 45 एमएलडी क्षमता का होगा, जिससे इलाके में सीवर के गंदे पानी को शोधित करने की व्यवस्था काफी मजबूत हो जाएगी। आधुनिक तकनीक पर आधारित इस परियोजना पर लगभग 80 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि तेजी से बढ़ती आबादी और शहरी विस्तार को देखते हुए सीवर ओवरफ्लो की समस्या के स्थायी समाधान के लिए एसटीपी की संख्या बढ़ाने की योजना बनाई गई है।

वरिष्ठ प्रबंधक सन्नी यादव ने बताया कि निर्माण से संबंधित अधिकांश कार्य तेजी से पूरे किए जा रहे हैं। संयंत्र की मशीनरी लगाने के साथ-साथ बिजली से जुड़े कार्य भी किए जा रहे हैं। नवंबर और दिसंबर तक सभी जरूरी काम पूरे कर संयंत्र का संचालन शुरू करने का लक्ष्य तय किया गया है। उन्होंने बताया कि कार्यदायी संस्था को एसटीपी के निर्माण के साथ-साथ अगले 10 वर्षों तक उसके संचालन और रखरखाव की जिम्मेदारी भी दी गई है।

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अन्य एसटीपी परियोजनाओं पर भी काम कर रहा है। ग्रेटर नोएडा वेस्ट में 80 एमएलडी क्षमता के एक और एसटीपी के निर्माण की तैयारी चल रही है, जिसके लिए नॉलेज पार्क-5 में जमीन चिन्हित की गई है। इस परियोजना की विस्तृत रिपोर्ट की जांच आईआईटी से कराई जा रही है।

अधिकारियों के अनुसार नया एसटीपी सौर ऊर्जा आधारित तकनीक से भी लैस होगा, जिससे बिजली की बचत होगी और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। शोधित पानी को दोबारा उपयोग में लाने की भी योजना है। संयंत्र का डिस्पोजल चैनल हिंडन नदी के किनारे बनाया जाएगा।

मौजूदा समय में ग्रेटर नोएडा में चार एसटीपी चालू हैं, जिनमें बादलपुर में 2 एमएलडी, कासना में 137 एमएलडी, ईकोटेक-2 में 15 एमएलडी और ईकोटेक-3 में 20 एमएलडी क्षमता वाले संयंत्र शामिल हैं। इसके अलावा नॉलेज पार्क-5 में 50 एमएलडी और सेक्टर आईटी सिटी में 12 एमएलडी क्षमता के नए एसटीपी स्थापित करने की योजना पर भी काम चल रहा है।

ग्रेटर नोएडा के सीईओ रवि कुमार एनजी ने कहा कि घरों और फैक्टरियों से निकलने वाले गंदे पानी के बेहतर प्रबंधन के लिए एसटीपी परियोजनाओं को तेजी से पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक पर आधारित ये संयंत्र पर्यावरण को नुकसान पहुंचाए बिना सीवर समस्या का स्थायी समाधान देंगे।

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