Chandigarh : पंजाब के सीमावर्ती इलाकों में हर साल आने वाली बाढ़ के स्थायी समाधान के लिए आम आदमी पार्टी के अजनाला से विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल ने जम्मू-कश्मीर के उप राज्यपाल मनोज सिन्हा से मुलाकात की और इस संबंध में ज्ञापन सौंपा।
धालीवाल ने कहा कि पठानकोट, गुरदासपुर और अमृतसर खासकर अजनाला सब डिवीजन में मानसून के दौरान उज नदी के कारण भयंकर बाढ़ आती है। उज नदी के निचले इलाकों में होने की वजह से अचानक जलस्तर बढ़ने और भारी बारिश से तबाही होती है। उन्होंने 1988 के बाद 2023, 2025 और 2026 में आई बाढ़ का जिक्र करते हुए कहा कि बाढ़ का पानी खेती की जमीन को डुबो देता है, फसलों को बर्बाद कर देता है और सड़कों, स्कूलों, अस्पतालों समेत दूसरे बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाता है।
विधायक ने कहा कि बाढ़ की वजह से बॉर्डर पर तैनात बीएसएफ और सेना के जवानों का संपर्क मार्ग भी टूट जाता है, जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से गंभीर चिंता का विषय है। हर साल राज्य सरकार इमरजेंसी राहत, बांधों को मजबूत करने और ड्रेनेज सिस्टम पर भारी पैसा खर्च करती है, लेकिन ये उपाय अस्थायी साबित होते हैं।
उन्होंने कहा कि बार-बार राहत फंड खर्च करने के बजाय उज नदी पर डैम बनाना ही बाढ़ का एकमात्र पक्का हल है। उन्होंने उप राज्यपाल से अपील की कि इस मुद्दे को प्रधानमंत्री और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री के सामने उठाया जाए।
धालीवाल ने डैम प्रोजेक्ट के लिए विस्तृत रिपोर्ट और फिजिबिलिटी स्टडी तैयार करने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि डैम बनने से बाढ़ पर नियंत्रण के साथ-साथ मानसून के अतिरिक्त पानी का भंडारण हो सकेगा, बिजली उत्पादन होगा और पर्यटन व स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलेगा।


