
CBI Investigation: ट्विशा शर्मा मौत मामले की जांच अब CBI के हाथों में, भोपाल में दर्ज हुई नई FIR
Central Bureau of Investigation ने ट्विशा शर्मा मौत मामले की जांच आधिकारिक तौर पर अपने हाथ में ले ली है। मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है, जहां सीबीआई की टीम भोपाल पहुंच चुकी है और एजेंसी ने भोपाल पुलिस से केस ट्रांसफर होने के बाद नई एफआईआर दर्ज कर ली है। जानकारी के मुताबिक सीबीआई मंगलवार से मामले की विस्तृत जांच शुरू करेगी।
एफआईआर के अनुसार ट्विशा शर्मा की शादी समर्थ सिंह के साथ 9 दिसंबर 2025 को हुई थी। शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष पर दहेज को लेकर प्रताड़ित करने के आरोप लगते रहे हैं। शिकायत में कहा गया है कि ट्विशा को लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान किया जाता था। मामले में ट्विशा की सास, रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह को आरोपी बनाया गया है।
सीबीआई द्वारा दर्ज एफआईआर में बताया गया है कि 12 मई 2026 की रात करीब 10 बजकर 20 मिनट पर ट्विशा की मौत की सूचना मिली थी। पुलिस और मेडिकल जांच में सामने आया कि महिला की मौत फांसी लगने से हुई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में इस बात की पुष्टि हुई है कि फांसी ट्विशा के जीवित रहते हुए हुई थी। इसके अलावा शरीर के कई हिस्सों पर चोट के निशान भी पाए गए, जो किसी भारी वस्तु से चोट लगने या मारपीट की ओर इशारा करते हैं।
एफआईआर में ट्विशा के परिवार की ओर से आरोप लगाया गया है कि शादी के बाद से लगातार अतिरिक्त दहेज की मांग की जा रही थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने दिल्ली विशेष पुलिस स्थापना अधिनियम की धारा 6 के तहत सहमति देते हुए जांच सीबीआई को सौंपने का फैसला लिया।
ट्विशा शर्मा 12 मई को भोपाल के Katara Hills स्थित अपने ससुराल में फांसी के फंदे पर लटकी मिली थीं। इसके बाद रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
नोएडा की रहने वाली ट्विशा शर्मा ‘मिस पुणे’ का खिताब भी जीत चुकी थीं। बताया जा रहा है कि साल 2024 में उनकी मुलाकात समर्थ सिंह से एक डेटिंग ऐप के जरिए हुई थी। इसके बाद दोनों ने 2025 में शादी कर ली थी।
हालांकि ससुराल पक्ष ने दहेज प्रताड़ना के आरोपों से इनकार किया है। परिवार का दावा है कि ट्विशा मानसिक रूप से बीमार थीं और नशे की लत से भी जूझ रही थीं। ट्विशा की सास ने यह भी आरोप लगाया कि प्रेग्नेंसी के दौरान भी उन्होंने भारी मात्रा में नशा किया था।
फिलहाल सीबीआई अब पूरे मामले की हर पहलू से जांच करेगी। एजेंसी पोस्टमार्टम रिपोर्ट, मेडिकल रिकॉर्ड, कॉल डिटेल्स और परिवार के बयानों के आधार पर केस की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। मामले को लेकर देशभर में चर्चा बनी हुई है और अब सबकी नजर सीबीआई जांच पर टिकी हुई है।





