Andhra Pradesh High Court: आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट को मिले तीन नए अतिरिक्त न्यायाधीश

Andhra Pradesh High Court: आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट को मिले तीन नए अतिरिक्त न्यायाधीश
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट में न्यायिक व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से तीन नए अतिरिक्त न्यायाधीशों की नियुक्ति की है। राष्ट्रपति ने संविधान द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए तथा भारत के मुख्य न्यायाधीश से परामर्श के बाद इन नियुक्तियों को मंजूरी प्रदान की। माना जा रहा है कि इन नियुक्तियों से लंबित मामलों के निस्तारण में तेजी आएगी और न्यायिक कार्यों के संचालन को नई मजबूती मिलेगी।
केंद्र सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार सुनीता गंधम, अलापति गिरिधर और पुरुषोत्तम कुमार चिंतलापुड़ी (सीएच. पुरुषोत्तम कुमार) को आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट का अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। इस संबंध में केंद्र सरकार के संयुक्त सचिव जगन्नाथ श्रीनिवासन ने आधिकारिक अधिसूचना जारी की।
सरकार का कहना है कि न्यायपालिका में रिक्त पदों को समयबद्ध तरीके से भरना उसकी प्राथमिकताओं में शामिल है। नए अतिरिक्त न्यायाधीशों की नियुक्ति से हाईकोर्ट में लंबित मामलों के निस्तारण की गति बढ़ाने, न्यायिक प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने और नागरिकों को समय पर न्याय उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी।
देशभर के विभिन्न उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों के रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया लगातार जारी है। केंद्र सरकार और न्यायपालिका के बीच समन्वय के माध्यम से योग्य न्यायिक अधिकारियों की नियुक्ति की जा रही है, ताकि अदालतों पर बढ़ते मामलों का बोझ कम किया जा सके और न्यायिक व्यवस्था को अधिक सक्षम बनाया जा सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि अतिरिक्त न्यायाधीशों की नियुक्ति से न केवल लंबित मामलों की सुनवाई में तेजी आएगी, बल्कि नए मामलों के शीघ्र निस्तारण में भी मदद मिलेगी। इससे न्यायिक प्रक्रिया अधिक प्रभावी होगी और आम नागरिकों को समयबद्ध न्याय मिलने की संभावना बढ़ेगी।
केंद्र सरकार ने उम्मीद जताई है कि नए अतिरिक्त न्यायाधीश अपने अनुभव और न्यायिक विशेषज्ञता के माध्यम से आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट की कार्यप्रणाली को और अधिक सुदृढ़ करेंगे तथा न्याय व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।





