Noida International Airport: नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट बनेगा सुपरफास्ट कनेक्टिविटी हब, यात्रियों को मिलेगी तेज़ और आसान पहुंच

Noida International Airport: नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट बनेगा सुपरफास्ट कनेक्टिविटी हब, यात्रियों को मिलेगी तेज़ और आसान पहुंच
नोएडा, 22 मार्च 2026। नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा अब जल्द ही कॉमर्शियल फ्लाइट्स के लिए तैयार है और अप्रैल के मध्य तक यात्री यहां से उड़ानें भर सकेंगे। आने वाले वर्षों में यह एयरपोर्ट दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के यात्रियों के लिए सुपरफास्ट कनेक्टिविटी हब के रूप में उभरेगा। दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, मथुरा, अलीगढ़ और आगरा जैसे प्रमुख शहरों से यात्री यमुना एक्सप्रेसवे के माध्यम से सीधे एयरपोर्ट पहुंच सकेंगे। वहीं, इसी वर्ष दिल्ली, पलवल, फरीदाबाद, गाजियाबाद और बागपत से ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से भी सीधी कनेक्टिविटी मिल जाएगी।
इसके अतिरिक्त, गाजियाबाद से ग्रेटर नोएडा वेस्ट और ग्रेटर नोएडा, यमुना सिटी होते हुए निर्मित होने वाले NAMO रेल नेटवर्क के जरिए हाईस्पीड कनेक्टिविटी उपलब्ध होगी, जिससे यात्रियों को एयरपोर्ट तक पहुंचने में केवल कुछ मिनटों का समय लगेगा। यह परियोजना नोएडा एयरपोर्ट को दिल्ली-मेरठ-आगरा जैसे मुख्य शहरों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
देश की महत्वाकांक्षी बुलेट ट्रेन परियोजना भी नोएडा एयरपोर्ट से जुड़ रही है। दिल्ली से मध्य उत्तर प्रदेश तक प्रस्तावित बुलेट ट्रेन का मार्ग नोएडा एयरपोर्ट के पास होकर जाएगा। यमुना एक्सप्रेसवे के 10 किलोमीटर माइलस्टोन के पास ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से इंटरचेंज बनाकर यात्रियों के लिए सुविधा सुनिश्चित की जा रही है। 531 करोड़ रुपये की इस परियोजना में यमुना एक्सप्रेसवे और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे को चारों ओर से 8 लूप बनाकर जोड़ा जाएगा। इसके पूरा होने के बाद दिल्ली, पलवल, सोनीपत, पानीपत, गाजियाबाद और बागपत से यात्री नोएडा एयरपोर्ट आसानी से पहुंच सकेंगे।
गंगा एक्सप्रेसवे को यमुना सिटी के सेक्टर-21ए स्थित फिल्म सिटी के पास यमुना एक्सप्रेसवे से जोड़ने की योजना भी प्राधिकरण द्वारा बनाई गई है। यमुना प्राधिकरण किसानों से सीधे जमीन खरीदकर इस एक्सप्रेसवे का निर्माण करेगा। अगले तीन वर्षों में यह एक्सप्रेसवे बनकर तैयार हो जाएगा, जिससे बुलंदशहर, मेरठ और आसपास के जिलों से यात्रियों की पहुंच आसान और तेज़ होगी।
नोएडा एयरपोर्ट से फरीदाबाद तक प्रस्तावित ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे केवल 25 मिनट में यात्री एयरपोर्ट पहुंचा देगा। इस परियोजना के लिए केंद्रीय केबिनेट ने 3,230 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है और यह जून 2027 तक पूरी होने की उम्मीद है। इसके जरिए गुरुग्राम और दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से आने वाले यात्री भी आसानी से एयरपोर्ट तक पहुंच सकेंगे।
दिल्ली से वाराणसी तक प्रस्तावित बुलेट ट्रेन का एक भूमिगत स्टेशन भी नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बनाया जाएगा। नेशनल हाई-स्पीड रेल कारपोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) ने हाल ही में यमुना एक्सप्रेसवे प्राधिकरण के मुख्यालय में स्टेशन की जमीन, यात्री क्षमता और डिज़ाइन पर चर्चा की है। यमुना प्राधिकरण के एसीईओ शैलेंद्र भाटिया ने बताया कि गौतमबुद्ध नगर में बुलेट ट्रेन के दो स्टेशन बनाए जाएंगे, जिसमें एक सेक्टर-148 नोएडा और दूसरा एयरपोर्ट के पास होगा। बुलेट ट्रेन के जरिए यात्रियों को दिल्ली से नोएडा एयरपोर्ट केवल 20 मिनट में पहुंचने की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही गाजियाबाद से एयरपोर्ट के लिए Regional Rapid Transit System (RRST) या NAMO भारत रूट को भी मंजूरी मिल गई है।
नोएडा एयरपोर्ट को आने वाले वर्षों में उत्तरी भारत का प्रमुख हवाई कनेक्टिविटी हब बनाया जाएगा, जिससे व्यापार, उद्योग और पर्यटन को नई गति मिलेगी और दिल्ली-एनसीआर के यात्रियों के लिए सफर और अधिक सुविधाजनक हो जाएगा।



