Noida Air Quality: नोएडा और ग्रेटर नोएडा में वायु गुणवत्ता में थोड़ी सुधार, हवा अब भी बेहद खराब
नोएडा। नोएडा और ग्रेटर नोएडा में वायु प्रदूषण के स्तर में रविवार को थोड़ी कमी देखने को मिली, लेकिन हवा की स्थिति अब भी बेहद खराब बनी हुई है। नोएडा का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 317 दर्ज किया गया, जो कि देश में दूसरा सबसे प्रदूषित शहर होने की स्थिति को दर्शाता है। पिछले दिन की तुलना में नोएडा का AQI 27 अंक कम हुआ है। वहीं, ग्रेटर नोएडा का AQI 290 रहा, जिसमें 29 अंक की कमी दर्ज की गई।
जिले में सबसे अधिक प्रदूषित स्थान सेक्टर-125 रहा, जहां AQI 339 तक पहुंच गया। नोएडा और ग्रेटर नोएडा के सभी पांच प्रमुख स्थानों पर पीएम 2.5 का स्तर पीएम 10 से अधिक पाया गया, जिससे स्वास्थ्य के लिहाज से खतरा और बढ़ गया है।
सेक्टर-1 में लगी वायु प्रदूषण मापक मशीन रविवार को भी ठीक से काम नहीं कर पाई, इसलिए यहां का AQI डेटा जारी नहीं किया जा सका। शनिवार को भी इसी स्थान से डेटा नहीं मिला था। विशेषज्ञों के अनुसार, नोएडा की हवा पिछले 37 दिनों से लगातार दमघोंटू बनी हुई है और AQI 200 से नीचे नहीं गया। वहीं, ग्रेटर नोएडा का AQI पिछले 32 दिनों से खराब, बेहद खराब और गंभीर श्रेणी में बना हुआ है।
पिछले पांच दिनों के AQI आंकड़े बताते हैं कि नोएडा और ग्रेटर नोएडा में वायु गुणवत्ता में मामूली बदलाव तो आया है, लेकिन हवा की स्थिति अभी भी स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बनी हुई है। दिसंबर के पहले पांच दिनों में नोएडा का AQI क्रमशः 317, 344, 339, 308, 365 और ग्रेटर नोएडा का 290, 321, 316, 285, 324 दर्ज किया गया। विशेषज्ञों ने लोगों से सलाह दी है कि वे बाहर निकलते समय मास्क का उपयोग करें और संवेदनशील लोग जैसे बच्चों, बुजुर्गों और श्वास रोगी अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें।
अधिकारी वायु गुणवत्ता सुधार के लिए लगातार उपाय कर रहे हैं, लेकिन ठंड के मौसम और शहर में बढ़ते धुआं और धूल के कारण सुधार में देरी हो रही है।
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