Rampur Khadar Drainage: दनकौर के रामपुर खादर में जलभराव से परेशान ग्रामीण, नाली निर्माण के लिए प्रशासन ने यमुना प्राधिकरण को भेजा पत्र
नोएडा। दनकौर क्षेत्र के गांव रामपुर खादर में पिछले कई महीनों से बनी जलभराव की समस्या के समाधान के लिए प्रशासन ने यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण को पत्र भेजा है। प्रशासन ने गांव के मुख्य मार्ग पर जल निकासी की उचित व्यवस्था करने और नाली का निर्माण कराने के लिए प्राधिकरण से आवश्यक कार्रवाई करने को कहा है।
रामपुर खादर के मुख्य मार्ग पर लंबे समय से पानी जमा होने के कारण ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों के घरों से निकलने वाले पानी की निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण यह सड़क पर जमा हो जाता है।
लगातार जलभराव के कारण मुख्य मार्ग से गुजरने वाले लोगों को परेशानी हो रही है। स्थानीय निवासियों ने समस्या को लेकर प्रशासन से शिकायत की थी और स्थायी जल निकासी व्यवस्था कराने की मांग उठाई थी।
ग्रामीणों की शिकायत मिलने के बाद प्रशासन ने मामले की वास्तविक स्थिति जानने के लिए गांव में सर्वे कराया। एसडीएम सदर की ओर से क्षेत्रीय लेखपाल को मौके पर भेजकर मुख्य मार्ग और जल निकासी की मौजूदा व्यवस्था का निरीक्षण कराया गया।
लेखपाल के निरीक्षण में सामने आया कि गांव के कई घरों से निकलने वाला पानी मुख्य सड़क पर जमा हो रहा है। पानी की निकासी के लिए कोई स्थायी व्यवस्था नहीं होने के कारण सड़क पर लगातार जलभराव की स्थिति बनी रहती है।
प्रशासन की जांच में यह भी सामने आया कि पहले घरों से निकलने वाला यह पानी गांव के एक किसान के निजी खेत में चला जाता था। इससे सड़क पर पानी जमा होने की समस्या काफी हद तक नहीं होती थी।
हालांकि लगातार पानी खेत में पहुंचने से किसान की फसलों को नुकसान होने लगा। फसल खराब होने के कारण किसान ने अपने खेत में पानी आने का रास्ता बंद कर दिया।
खेत की तरफ जाने वाला रास्ता बंद होने के बाद घरों से निकलने वाले पानी के लिए कोई वैकल्पिक निकासी व्यवस्था नहीं बची। इसके चलते पानी अब गांव के मुख्य मार्ग पर जमा हो रहा है और ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है।
मौके की स्थिति का निरीक्षण कराने के बाद एसडीएम सदर की ओर से यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण को पूरे मामले की जानकारी देते हुए पत्र भेजा गया है।
प्रशासन ने प्राधिकरण से रामपुर खादर में जल निकासी की स्थायी व्यवस्था विकसित करने और नाली निर्माण कराने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा है। नाली बनने से घरों से निकलने वाले पानी को निर्धारित रास्ते से बाहर निकालने में मदद मिल सकेगी।
ग्रामीण भी समस्या का स्थायी समाधान चाहते हैं, ताकि पानी किसी निजी खेत में छोड़ने के बजाय नाली के माध्यम से निकाला जा सके। इससे किसान की फसल को नुकसान होने की समस्या भी दूर हो सकेगी और सड़क पर होने वाले जलभराव से भी राहत मिलेगी।
फिलहाल प्रशासन ने मौके की जांच के बाद मामला यमुना प्राधिकरण के सामने रख दिया है। अब गांव में नाली निर्माण और जल निकासी की व्यवस्था को लेकर प्राधिकरण की ओर से की जाने वाली कार्रवाई का इंतजार है।


