Noida Protest: घरेलू सहायिकाओं का वेतन बढ़ाने को लेकर प्रदर्शन, सोसाइटियों में कामकाज प्रभावित

Noida Protest: घरेलू सहायिकाओं का वेतन बढ़ाने को लेकर प्रदर्शन, सोसाइटियों में कामकाज प्रभावित
नोएडा में वेतन वृद्धि और बेहतर कामकाजी परिस्थितियों की मांग को लेकर घरेलू सहायिकाओं और कामगारों का आंदोलन तेज हो गया है। बुधवार को सेक्टर-137 में बड़ी संख्या में सहायिकाओं ने प्रदर्शन किया, जिससे कई हाउसिंग सोसाइटियों में कामकाज प्रभावित रहा और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
इससे पहले सेक्टर-74 स्थित सुपरटेक केपटाउन और सेक्टर-121 की क्लियो काउंटी सोसाइटी के बाहर भी प्रदर्शन हो चुका है। अब पूर्वांचल, इकोसिटी समेत कई सोसाइटियों के बाहर कामगारों ने एकजुट होकर विरोध जताया। उनका कहना है कि उन्हें काम के बदले उचित वेतन नहीं मिल रहा और काम के घंटे भी तय नहीं हैं।
कामगारों ने सोसाइटी के सख्त नियमों पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि एंट्री-एग्जिट पाबंदियां, आईडी कार्ड की अनिवार्यता और लिफ्ट इस्तेमाल पर रोक जैसी व्यवस्थाएं उनके लिए परेशानी का कारण बन रही हैं। साथ ही कई जगह सम्मानजनक व्यवहार न मिलने की भी शिकायत सामने आई है।
वहीं, सोसाइटी प्रबंधन का कहना है कि ये सभी नियम सुरक्षा के लिहाज से बनाए गए हैं और सभी कर्मचारियों की पहचान सुनिश्चित करना जरूरी है। प्रबंधन ने यह भी कहा कि वे बातचीत के जरिए समाधान निकालने के लिए तैयार हैं।
इधर, सेक्टर-60 स्थित अर्बन कंपनी के ट्रेनिंग सेंटर के बाहर भी करीब 40 महिला गिग वर्कर्स ने प्रदर्शन किया। इन महिलाओं ने फिक्स्ड वर्किंग आवर्स, बुनियादी सुविधाएं और महिला कर्मचारियों के सम्मान की मांग उठाई।
प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना है कि उन्हें कई बार 10-11 घंटे तक काम करना पड़ता है, जबकि तय मानक 8 घंटे का है। इसके अलावा उन्हें काम के दौरान पीने का पानी, बैठने की जगह और वॉशरूम जैसी सुविधाएं भी नहीं मिलतीं। खासतौर पर महिलाओं ने मासिक धर्म के दौरान आने वाली दिक्कतों को लेकर गंभीर चिंता जताई है।
नोएडा में लगातार बढ़ते इस आंदोलन ने अब प्रशासन और सोसाइटी प्रबंधन के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। आने वाले दिनों में बातचीत और फैसलों से ही इस मुद्दे का समाधान निकलने की उम्मीद है।





