Heart surgery India: केवल 4 सेमी के चीरे से हार्ट सर्जरी, महिला को मिला नया जीवन

Heart surgery India: केवल 4 सेमी के चीरे से हार्ट सर्जरी, महिला को मिला नया जीवन
नई दिल्ली, 3 अप्रैल : राम मनोहर लोहिया अस्पताल के डॉक्टरों ने एक जटिल और दुर्लभ हृदय रोग से पीड़ित 31 वर्षीय महिला का सफल ऑपरेशन कर चिकित्सा क्षेत्र में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। मात्र 4 सेंटीमीटर के छोटे कॉस्मेटिक चीरे के जरिए की गई यह हार्ट सर्जरी दुनिया की पहली (ग्लोबल फर्स्ट) मानी जा रही है।
मरीज रामबाई जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित थीं। उन्हें पार्शियल एट्रियोवेंट्रिकुलर कैनाल डिफेक्ट के कारण सांस फूलना, जल्दी थकान और दिल पर बढ़ते दबाव जैसी समस्याएं हो रही थीं। उनकी स्थिति और जटिल इसलिए थी क्योंकि वे साइटस इनवर्सस टोटालिस से ग्रसित थीं, जिसमें शरीर के सभी अंग उल्टी दिशा (मिरर इमेज) में होते हैं।
कार्डियक सर्जरी विभाग के प्रमुख डॉ. नरेंद्र सिंह झाझरिया के नेतृत्व में टीम ने इस चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। सर्जरी के दौरान मरीज के अपने पेरिकार्डियम (दिल की झिल्ली) से पैच लेकर डिफेक्ट को सावधानीपूर्वक बंद किया गया, जिससे दिल के वाल्व और कंडक्शन सिस्टम को सुरक्षित रखा जा सका।
डॉक्टरों के अनुसार, इस केस में सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि मरीज के हृदय और रक्त वाहिकाएं सामान्य के विपरीत दिशा में थीं। इसके अलावा, केवल 4 सेमी के छोटे चीरे से सटीक टांके लगाना उच्च स्तरीय तकनीकी दक्षता की मांग करता है। ऑपरेशन के दौरान हार्ट-लंग मशीन का उपयोग करते हुए परिधीय रक्त वाहिकाओं के जरिए पूरी प्रक्रिया पूरी की गई।
सर्जरी के बाद मरीज की स्थिति स्थिर है और इकोकार्डियोग्राफी में सफल रिपेयर की पुष्टि हुई है। डॉक्टरों का कहना है कि मरीज को जल्द ही अस्पताल से छुट्टी दे दी जाएगी। संस्थान के निदेशक डॉ. अशोक कुमार ने इस उपलब्धि को संस्थान के लिए गर्व का क्षण बताया और पूरी मेडिकल टीम को बधाई दी।
यह सर्जरी 30 मार्च 2026 को की गई और आयुष्मान भारत योजना के तहत कवर की गई। इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया है कि सरकारी अस्पतालों में भी विश्वस्तरीय इलाज संभव है और भारत चिकित्सा क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है।




