
West Champaran (मृत्युंजय) : उत्तर बिहार के प्रसिद्ध और प्राचीन नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में सावन के पावन महीने के पहले दिन आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। रामनगर में स्थित इस ऐतिहासिक मंदिर में सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें लग गईं।
सावन के पूरे एक महीने तक श्रद्धालु चंपारण के वाल्मीकिनगर में स्थित त्रिवेणी नदी से गंगाजल भरकर कांवड़ लेकर 60 किलोमीटर की दूरी तय करके जलाभिषेक करने रामनगर के नर्मदेश्वर महादेव मंदिर आते हैं।
नर्मदेश्वर महादेव मंदिर की मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई मन्नतें जरूर पूरी होती हैं। इसी आस्था के चलते दूर-दराज से श्रद्धालु जल, बेलपत्र और दूध लेकर बाबा का जलाभिषेक करने पहुंचे। मंदिर परिसर “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के जयकारों से गूंज उठा। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी भक्त भक्ति भाव में लीन नजर आए।
भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन और स्थानीय पुलिस ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। जगह-जगह प्रसाद और जल की व्यवस्था भी की गई थी।
कहा जाता है कि यह मंदिर सैकड़ों साल पुराना है और उत्तर बिहार की धार्मिक पहचान का प्रतीक है। सावन में यहां हर सोमवार को हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं।





