Noida Kiosk Auction: नोएडा में ई-ऑक्शन से होगा क्योस्क का आवंटन, सेक्टर-18 और बॉटनिकल गार्डन में खुलेंगी फूड शॉप्स
Noida Kiosk Auction: नोएडा में ई-ऑक्शन से होगा क्योस्क का आवंटन, सेक्टर-18 और बॉटनिकल गार्डन में खुलेंगी फूड शॉप्स
नोएडा में स्ट्रीट फूड और छोटे व्यवसायों को बढ़ावा देने के लिए प्राधिकरण ने बड़ा फैसला लिया है। अब बॉटनिकल गार्डन और जीआईपी मॉल के बीच स्थित क्षेत्र और सेक्टर-18 में बनाए गए क्योस्क का आवंटन ई-ऑक्शन के जरिए किया जाएगा। इन क्योस्क को मंथली रेंट पर दिया जाएगा, जिससे छोटे कारोबारियों को बेहतर अवसर मिल सकेगा और शहर में फूड कल्चर को भी नया विस्तार मिलेगा।
नोएडा प्राधिकरण ने पहले इन क्योस्क को किसी एजेंसी के माध्यम से संचालित कराने की योजना बनाई थी। इसके लिए चार बार टेंडर प्रक्रिया भी अपनाई गई, लेकिन बार-बार प्रयास के बावजूद पर्याप्त संख्या में कंपनियां आगे नहीं आईं। नियमों के अनुसार कम से कम तीन एजेंसियों का आवेदन जरूरी था, लेकिन बॉटनिकल गार्डन के सामने क्योस्क के लिए एक भी एजेंसी ने रुचि नहीं दिखाई, जबकि सेक्टर-18 के लिए केवल दो एजेंसियों ने ही आवेदन किया।
लगातार असफल टेंडर प्रक्रिया के बाद अब प्राधिकरण ने अपनी रणनीति बदलते हुए ई-ऑक्शन मॉडल अपनाने का निर्णय लिया है। इसके तहत क्योस्क का आवंटन पारदर्शी तरीके से बोली लगाकर किया जाएगा और चयनित आवंटी को हर महीने किराया देना होगा। इसके लिए एक नई नीति तैयार की जा रही है, जिसे अंतिम मंजूरी के लिए सीईओ के पास भेजा जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, सेक्टर-18 में कुल 15 क्योस्क और सेक्टर-38ए में 19 क्योस्क बनाए गए हैं। इनमें से 10 से अधिक क्योस्क विशेष रूप से खाने-पीने की दुकानों और स्ट्रीट फूड के लिए आरक्षित किए गए हैं, जिससे इन इलाकों में फूड हब जैसी सुविधा विकसित हो सकेगी। इससे न केवल लोगों को विविध प्रकार के स्ट्रीट फूड का आनंद मिलेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं और छोटे व्यापारियों के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
प्राधिकरण का मानना है कि ई-ऑक्शन प्रणाली से पारदर्शिता बढ़ेगी और सही मूल्य पर क्योस्क का आवंटन संभव होगा। साथ ही इससे यह भी सुनिश्चित किया जा सकेगा कि संचालन में रुचि रखने वाले वास्तविक कारोबारी ही इस योजना में हिस्सा लें।
नोएडा में इस नई पहल को शहरी विकास और स्ट्रीट वेंडिंग सिस्टम को व्यवस्थित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे शहर के प्रमुख क्षेत्रों में सुविधाजनक और आकर्षक फूड जोन विकसित होंगे।
