Noida Gas Crisis: सिलेंडर किल्लत से महंगा हुआ खाना, फूड स्टॉल पर बढ़े दाम

Noida Gas Crisis: सिलेंडर किल्लत से महंगा हुआ खाना, फूड स्टॉल पर बढ़े दाम
नोएडा में इन दिनों गैस सिलेंडर की किल्लत ने आम लोगों के साथ-साथ छोटे-बड़े खाद्य व्यवसायियों की मुश्किलें काफी बढ़ा दी हैं। व्यावसायिक गैस सिलेंडर की आपूर्ति बाधित होने के कारण कई फूड स्टॉल, ढाबे और रेस्तरां या तो बंद हो गए हैं या सीमित मेन्यू के साथ काम चला रहे हैं। इस संकट का सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ रहा है, क्योंकि अधिकांश दुकानदारों ने खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ा दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, गैस की कमी के चलते कई संचालक अब इंडक्शन चूल्हे, लकड़ी और कोयले का सहारा लेने को मजबूर हैं। इससे उनकी लागत बढ़ गई है, जिसका बोझ ग्राहकों पर डाला जा रहा है। हालात ऐसे हो गए हैं कि कुछ प्रतिष्ठानों ने अपने मेन्यू को सीमित कर दिया है, जबकि कई जगहों पर खाने की कीमतों में 20 से 30 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर दी गई है। इससे रोजमर्रा के खाने-पीने की चीजें भी आम लोगों के बजट से बाहर होती जा रही हैं।
ढाबा संचालकों का कहना है कि पहले जहां आसानी से व्यावसायिक गैस सिलेंडर मिल जाते थे, अब कई-कई दिन इंतजार करना पड़ रहा है। इस कारण या तो दुकान बंद करनी पड़ती है या फिर महंगे विकल्पों का सहारा लेना पड़ता है। इस स्थिति ने खाद्य कारोबार को काफी प्रभावित किया है और कारोबारियों की आय पर भी असर पड़ा है।
दूसरी ओर, घरेलू गैस की स्थिति भी संतोषजनक नहीं है। शहर के कई इलाकों में गैस एजेंसियों पर लंबी कतारें देखी जा रही हैं। ऑनलाइन बुकिंग सिस्टम बार-बार ठप होने के कारण उपभोक्ताओं को बुकिंग कराने में परेशानी हो रही है। कई लोगों ने शिकायत की है कि बुकिंग के बावजूद समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है।
गैस की कमी का असर छोटे खाद्य पदार्थों पर भी साफ दिख रहा है। समोसे और चाय जैसी आम चीजों की कीमतें दोगुनी हो गई हैं। पहले जहां 10 रुपये में मिलने वाली चाय अब 20 रुपये में मिल रही है, वहीं पानी पूरी, टिक्की और अन्य स्ट्रीट फूड की कीमतों में भी भारी इजाफा हुआ है। कुछ दुकानदारों ने जलेबी और डोसा जैसे आइटम बनाना भी बंद कर दिया है, क्योंकि इनमें अधिक गैस की खपत होती है।
गैस एजेंसियों पर भी हालात चिंताजनक बने हुए हैं। कई जगहों पर गैस की सप्लाई समय पर नहीं पहुंच रही, जिससे उपभोक्ताओं को बार-बार चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। एजेंसी संचालक भी लोगों को फोन या ऑनलाइन बुकिंग करने की सलाह दे रहे हैं, लेकिन तकनीकी समस्याओं के कारण यह व्यवस्था भी सुचारू रूप से काम नहीं कर पा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव और आपूर्ति बाधित होने के कारण यह संकट और गहरा सकता है। यदि जल्द ही आपूर्ति सामान्य नहीं हुई, तो आने वाले दिनों में खाद्य वस्तुओं की कीमतों में और बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। इससे न केवल आम जनता बल्कि छोटे व्यापारियों पर भी आर्थिक दबाव और बढ़ेगा।
Realme GT 6 भारत में लॉन्च होने की पुष्टि। अपेक्षित स्पेक्स, फीचर्स, और भी बहुत कुछ





