
Indian Navy Indonesia visit: इंडोनेशिया में प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन ने मजबूत किया भारत-इंडोनेशिया समुद्री सहयोग
नई दिल्ली। भारत और इंडोनेशिया के बीच समुद्री सहयोग और आपसी सहभागिता को और अधिक सुदृढ़ करते हुए भारतीय नौसेना का प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन शुक्रवार को इंडोनेशिया के बेलावान बंदरगाह से रवाना हुआ। तीन दिवसीय पोर्ट कॉल के दौरान स्क्वाड्रन में शामिल आईएनएस तिर, आईएनएस शार्दुल, आईएनएस सुजाता और भारतीय तटरक्षक पोत आईसीजीएस सारथी के चालक दल और प्रशिक्षुओं ने इंडोनेशियाई नौसेना के साथ कई महत्वपूर्ण गतिविधियों में हिस्सा लिया। इस दौरान पेशेवर संवाद, प्रशिक्षण यात्राएं, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और मैत्रीपूर्ण खेल प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं।
पोर्ट कॉल के दौरान प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन के सीनियर ऑफिसर कैप्टन टीजो के जोसेफ ने नेवल एरिया कमांड-1 के कमांडर रियर एडमिरल डेनी सेप्टियाना से शिष्टाचार मुलाकात की। इस बैठक में दोनों देशों के साझा समुद्री हितों, क्षेत्रीय सुरक्षा और भविष्य में सहयोग बढ़ाने के अवसरों पर चर्चा हुई। मेडान स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास के सहयोग से एक स्वागत समारोह का भी आयोजन किया गया, जिसमें दोनों देशों के वरिष्ठ नौसैनिक अधिकारी और प्रतिनिधि शामिल हुए।
प्रशिक्षुओं को इंडोनेशियाई नौसेना की सुविधाओं और कार्यप्रणाली का अवलोकन कराया गया, जिससे उन्हें अंतरराष्ट्रीय नौसैनिक सहयोग की व्यावहारिक समझ मिली। योग सत्रों और खेल प्रतियोगिताओं के माध्यम से दोनों देशों के नौसैनिकों के बीच आपसी सौहार्द और मित्रता को बढ़ावा मिला। इसके अलावा भारतीय नौसेना के जहाजों को स्थानीय स्कूली बच्चों के लिए भी खोला गया, जिससे युवाओं को समुद्री सुरक्षा और नौसैनिक जीवन के बारे में जानकारी मिली।
यह दौरा भारत की ‘एक्ट ईस्ट’ नीति और ‘महासागर’ विजन को सशक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इस पहल से न केवल भारत-इंडोनेशिया के द्विपक्षीय संबंध मजबूत हुए हैं, बल्कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र में समुद्री सहयोग और आपसी विश्वास को भी नई मजबूती मिली है।





