Fire Incident: गार्डेनिया ग्लोरी के बेसमेंट में CNG कार में आग, तीन गाड़ियां चपेट में आईं

Fire Incident: गार्डेनिया ग्लोरी के बेसमेंट में CNG कार में आग, तीन गाड़ियां चपेट में आईं
नोएडा। सेक्टर-46 स्थित गार्डेनिया ग्लोरी सोसाइटी के बेसमेंट में सोमवार देर रात सीएनजी कार में आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग तेजी से फैलने के कारण पास में खड़ी दो अन्य कारें भी इसकी चपेट में आ गईं। बेसमेंट में धुआं भरने के बाद सोसाइटी के लोगों में दहशत फैल गई। हालांकि, घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
बताया गया कि बेसमेंट में खड़ी एक सीएनजी कार में अचानक आग लग गई। कुछ ही देर में आग की लपटें तेज हो गईं और पास में खड़ी दो अन्य कारों तक पहुंच गईं। आग के कारण बेसमेंट में घना धुआं भर गया। स्थिति को देखते हुए लोगों ने अपनी गाड़ियों को पार्किंग से बाहर निकालना शुरू कर दिया।
सूचना मिलने के बाद दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची। मुख्य अग्निशमन अधिकारी प्रदीप कुमार चौबे के अनुसार, 27 जुलाई की रात बेसमेंट में धुआं भरने की सूचना मिलते ही फायर यूनिट को तत्काल रवाना किया गया। दमकल कर्मियों ने बीए सेट पहनकर बेसमेंट में प्रवेश किया और आग पर काबू पाने की कार्रवाई शुरू की।
दमकल विभाग के अनुसार, आग सीएनजी कार में लगी थी। आग की चपेट में आने से पास में खड़ी दो अन्य कारों के कुछ हिस्से भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।
निवासियों ने फायर सेफ्टी व्यवस्था पर उठाए सवाल
घटना के बाद सोसाइटी के निवासियों ने फायर सेफ्टी व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि सोसाइटी का हैंडओवर एओए को हुए करीब 12 वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन बेसमेंट की फायर सेफ्टी व्यवस्था पूरी तरह दुरुस्त नहीं है।
निवासियों का दावा है कि आग के दौरान बेसमेंट में लगे कुछ अग्निशमन उपकरण प्रभावी तरीके से काम नहीं कर सके। कुछ लोगों ने दमकल विभाग के पहुंचने में देरी का भी आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों पर संबंधित विभाग की ओर से अलग से पुष्टि नहीं की गई है।
निवासियों ने एओए के बीच चल रहे विवाद का भी मुद्दा उठाया। उनका कहना है कि पुरानी एओए नई एओए को हैंडओवर नहीं दे रही है और बिल्डर के स्तर से भी स्थिति स्पष्ट नहीं है। गार्डेनिया ग्लोरी सोसाइटी में करीब 1,400 फ्लैट हैं और बड़ी संख्या में परिवार यहां रहते हैं।
घटना के बाद सोसाइटी के लोगों में बेसमेंट की सुरक्षा और फायर सेफ्टी इंतजामों को लेकर चिंता बढ़ गई है। दमकल विभाग और संबंधित एजेंसियां आग के कारणों और सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही हैं।




