Delhi Politics: सत्याग्रह के मुद्दे पर केजरीवाल पर बरसे वीरेंद्र सचदेवा, भ्रष्टाचार मामलों को लेकर उठाए सवाल

Delhi Politics: सत्याग्रह के मुद्दे पर केजरीवाल पर बरसे वीरेंद्र सचदेवा, भ्रष्टाचार मामलों को लेकर उठाए सवाल
रिपोर्ट: रवि डालमिया
दिल्ली की सियासत में एक बार फिर आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। दिल्ली भाजपा अध्यक्ष Virendra Sachdeva ने आम आदमी पार्टी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal पर तीखा हमला बोलते हुए उनके ‘सत्याग्रह’ के बयान पर सवाल उठाए हैं।
वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल अब महात्मा गांधी के सत्याग्रह की राह पर चलने की बात कर रहे हैं, लेकिन उन्हें यह स्पष्ट करना चाहिए कि क्या कथित शराब घोटाला, शीशमहल घोटाला या अन्य भ्रष्टाचार के आरोप भी Mahatma Gandhi के सिद्धांतों पर चलते हुए किए गए थे। उन्होंने इसे जनता को गुमराह करने की कोशिश बताया।
भाजपा अध्यक्ष ने यह भी कहा कि अरविंद केजरीवाल द्वारा दिल्ली उच्च न्यायालय की न्यायाधीश स्वर्ण कांता शर्मा को पत्र लिखकर अविश्वास जताना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे यह संकेत मिलता है कि केजरीवाल को न्यायपालिका पर विश्वास नहीं रह गया है, जो लोकतंत्र के लिए चिंताजनक स्थिति है।
सचदेवा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल ने जिस संविधान की शपथ लेकर तीन बार दिल्ली के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी निभाई, आज वही संविधान उनकी बातों और आचरण से प्रभावित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार के मामलों में सजा के डर से केजरीवाल संवैधानिक मर्यादाओं को नजरअंदाज कर रहे हैं।
उन्होंने आगे कहा कि केजरीवाल ने सर्वोच्च न्यायालय से लेकर अन्य न्यायिक मंचों तक राहत पाने की कोशिश की, लेकिन असफल रहने के बाद अब न्यायपालिका पर ही सवाल खड़े कर रहे हैं। सचदेवा के अनुसार, यह आचरण लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं है और इसे किसी भी तरह से स्वीकार नहीं किया जा सकता।
भाजपा अध्यक्ष ने यह भी कहा कि शराब घोटाले के मुद्दे पर केजरीवाल लगातार राजनीतिक नाटक कर रहे हैं और न्यायालय में राहत न मिलने के बाद अब व्यक्तिगत आरोप लगाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि दिल्ली और देश की जनता इस पूरे घटनाक्रम को समझ रही है और अब जवाबदेही चाहती है। अंत में उन्होंने केजरीवाल से अपील की कि वह इस तरह की राजनीति छोड़कर संवैधानिक और न्यायिक प्रक्रिया का सम्मान करें।





