Agra Mazar Shift: एमजी रोड पर सड़क के बीच बनी विवादित मजार को हटाने की कार्रवाई शुरू, पुलिस की निगरानी में हो रहा स्थानांतरण

Agra Mazar Shift: एमजी रोड पर सड़क के बीच बनी विवादित मजार को हटाने की कार्रवाई शुरू, पुलिस की निगरानी में हो रहा स्थानांतरण
उत्तर प्रदेश के आगरा शहर में लंबे समय से विवाद का विषय बनी एमजी रोड स्थित मजार को हटाने और स्थानांतरित करने की कार्रवाई मंगलवार को प्रशासन द्वारा शुरू कर दी गई। आगरा कॉलेज के सामने सड़क के बीच स्थित इस मजार को लेकर काफी समय से यातायात बाधित होने और सड़क दुर्घटनाओं की आशंका को लेकर सवाल उठाए जा रहे थे। प्रशासन और संबंधित पक्षों के बीच कई दौर की बातचीत के बाद आखिरकार मजार को दूसरी जगह स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया।
कार्रवाई के दौरान मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया और पूरे क्षेत्र की निगरानी की गई। प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए आसपास के इलाके में विशेष इंतजाम किए ताकि किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो। अधिकारियों की मौजूदगी में मजार को व्यवस्थित तरीके से स्थानांतरित करने का कार्य शुरू किया गया।
एमजी रोड आगरा शहर के सबसे व्यस्त और प्रमुख मार्गों में से एक माना जाता है। यह मार्ग शहर के विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रों को जोड़ता है और प्रतिदिन हजारों वाहन यहां से गुजरते हैं। सड़क के बीच में स्थित मजार के कारण यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही थी और कई बार जाम जैसी स्थिति भी पैदा हो जाती थी। स्थानीय लोगों और वाहन चालकों द्वारा भी लंबे समय से इस समस्या के समाधान की मांग की जा रही थी।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार मजार को आगरा कॉलेज के सामने स्थित नागरी प्रचारिणी के समीप मस्जिद परिसर में स्थानांतरित किया जा रहा है। पिछले लगभग एक वर्ष से पुलिस और प्रशासन इस प्रक्रिया को पूरा करने के लिए प्रयासरत थे। संबंधित पक्षों से लगातार बातचीत कर सहमति बनाने की कोशिश की जा रही थी, जिसके बाद स्थानांतरण का रास्ता साफ हुआ।
मजार को लेकर कानूनी प्रक्रिया भी चल रही थी। इस मामले में योगी यूथ ब्रिगेड के प्रदेश अध्यक्ष और ताजमहल-तेजोमहालय मामले के पक्षकार Kunwar Ajay Tomar ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से अदालत में वाद दायर किया था। याचिका में सड़क पर बनी मजार और दरगाह को हटाने की मांग की गई थी। याचिकाकर्ता का आरोप था कि ये संरचनाएं सरकारी भूमि पर निर्मित हैं।
प्रशासन के अनुसार एक जून को मजार की देखरेख से जुड़े लोगों के साथ बैठक की गई थी, जिसमें आपसी सहमति से मजार को स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया। इसके बाद आवश्यक प्रशासनिक और सुरक्षा तैयारियां पूरी की गईं और अब शिफ्टिंग की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
मजार के स्थानांतरण के दौरान यातायात व्यवस्था में भी बदलाव किया गया। पुलिस ने एसएन इमरजेंसी मोड़ से नालबंद चौराहे तक वाहनों की आवाजाही अस्थायी रूप से रोक दी ताकि कार्य सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से पूरा किया जा सके। वैकल्पिक मार्गों से वाहनों को निकाला गया और यातायात पुलिस लगातार स्थिति पर नजर बनाए रही।
अधिकारियों ने बताया कि मेट्रो परियोजना के निर्माण कार्य के दौरान एमजी रोड पर यातायात का दबाव काफी बढ़ गया था। लगभग एक वर्ष पहले सड़क को चौड़ा करने के लिए फुटपाथ को छोटा किया गया था। इसके बाद मजार सड़क के बीचोंबीच आ गई, जिससे यातायात और अधिक प्रभावित होने लगा। इसी कारण प्रशासन ने इसे दूसरी जगह स्थानांतरित करने का निर्णय लिया।
प्रशासन का कहना है कि स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद एमजी रोड पर यातायात व्यवस्था में सुधार होगा और सड़क सुरक्षा भी बेहतर होगी। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाएगा कि धार्मिक आस्था का सम्मान बनाए रखते हुए विकास और जनसुविधा से जुड़े कार्य आगे बढ़ाए जाएं।
Delhi Firing: करोल बाग में देर रात ताबड़तोड़ गोलियां, युवक गंभीर रूप से घायल





