उत्तर प्रदेश : यमुना नाव हादसा, एक ही परिवार के 7 लोगों की मौत, 5 लापता, सर्च ऑपरेशन जारी

Mathura News : मथुरा के वृंदावन में हुए दर्दनाक यमुना नाव हादसे ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। इस हादसे में अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जिनमें एक ही परिवार के 7 सदस्य शामिल हैं, जबकि 5 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। शनिवार को दूसरे दिन भी बड़े स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और प्रशासन पूरी ताकत के साथ लापता लोगों की तलाश में जुटा हुआ है।
जानकारी के अनुसार, अब तक 22 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है। आर्मी, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और पीएसी समेत करीब 250 लोगों की टीम बचाव कार्य में लगी हुई है। लापता लोगों की तलाश के लिए यमुना नदी में करीब 14 किलोमीटर के दायरे में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे अधिकारियों का कहना है कि यमुना नदी का बहाव तेज होने के कारण लापता लोग काफी दूर तक बह सकते हैं। इसके अलावा नदी के अंदर मौजूद गाद और रेत में शव दबे होने की आशंका भी जताई जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, 24 घंटे बाद शव पानी में ऊपर आ सकते हैं, जिससे खोज अभियान को और गति मिलने की उम्मीद है।
यह हादसा शुक्रवार दोपहर करीब 3 बजे केसी घाट पर हुआ, जहां 37 श्रद्धालुओं से भरी नाव अचानक पलट गई। यह घाट बांके बिहारी मंदिर से लगभग 2 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि नाव में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे और किसी भी श्रद्धालु को लाइफ जैकेट नहीं दी गई थी।
हादसे के वक्त नदी में करीब 25 फीट गहरा पानी था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, तेज हवा के कारण नाव असंतुलित हो गई और नाविक नियंत्रण खो बैठा। नाव पीपा पुल से टकराने के बाद पलट गई, जिससे यह बड़ा हादसा हुआ।
घटना के बाद स्थानीय लोगों और अन्य नाविकों ने तुरंत राहत कार्य शुरू किया और कई लोगों की जान बचाई। बाद में प्रशासनिक टीमें मौके पर पहुंचीं और बड़े पैमाने पर बचाव अभियान शुरू किया गया।
पुलिस ने इस मामले में आरोपी नाविक पप्पू निषाद को हिरासत में ले लिया है। बताया जा रहा है कि हादसे के बाद वह मौके से फरार हो गया था, जिसे करीब 6 घंटे बाद गिरफ्तार किया गया। नाव उसी की बताई जा रही है और उसने श्रद्धालुओं को जुगल घाट से बैठाया था।
हादसे से जुड़े दो वीडियो भी सामने आए हैं, जिनमें एक वीडियो हादसे से कुछ मिनट पहले का है, जिसमें श्रद्धालु भजन-कीर्तन करते नजर आ रहे हैं, जबकि दूसरा वीडियो नाव डूबने के दौरान का बताया जा रहा है।
इस हादसे ने एक बार फिर से नदी में सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल प्रशासन का पूरा ध्यान लापता लोगों की तलाश और घायलों के उपचार पर केंद्रित है, जबकि हादसे के कारणों की जांच भी जारी है।





