Rashid Rangrez Murder Case: यमुना खादर में मुठभेड़ के बाद दो शूटर गिरफ्तार, पुलिस कार्रवाई में दोनों घायल

Rashid Rangrez Murder Case: यमुना खादर में मुठभेड़ के बाद दो शूटर गिरफ्तार, पुलिस कार्रवाई में दोनों घायल
रिपोर्ट: रवि डालमिया
नई दिल्ली। उत्तर-पूर्वी दिल्ली के मुस्तफाबाद स्थित नेहरू विहार में हुए राशिद रंगरेज हत्याकांड में दिल्ली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने हत्या में शामिल दो मुख्य शूटरों को यमुना खादर इलाके में हुई मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस और आरोपियों के बीच हुई गोलीबारी में दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उन्हें घायल अवस्था में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आतिफ और इस्माइल के रूप में हुई है। दोनों पर 15 जून को नेहरू विहार इलाके में राशिद रंगरेज की हत्या करने का आरोप है। वारदात के बाद से ही दोनों आरोपी फरार चल रहे थे और पुलिस लगातार उनकी तलाश में जुटी हुई थी। क्राइम ब्रांच की टीम को दोनों की मौजूदगी की सूचना मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई।
जानकारी के मुताबिक क्राइम ब्रांच को सूचना मिली थी कि राशिद हत्याकांड के आरोपी यमुना खादर इलाके में छिपे हुए हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने इलाके में पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस के अनुसार खुद को घिरा देखकर आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोली चलाई, जिसमें दोनों आरोपियों के पैर में गोली लगी और उन्हें मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने घटनास्थल से हथियार भी बरामद किए हैं।
गौरतलब है कि 15 जून की शाम करीब 6:10 बजे मुस्तफाबाद के नेहरू विहार इलाके में तीन हमलावरों ने राशिद रंगरेज पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी। हमले में राशिद गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसे तत्काल गुरु तेग बहादुर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। दिनदहाड़े हुई इस वारदात के बाद इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल बन गया था।
घटना के बाद दिल्ली पुलिस ने मामले की जांच के लिए कई टीमें गठित की थीं। जांच के दौरान पुलिस ने पहले अयान (21) और इमरान (20) को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में सामने आया था कि इमरान ने वारदात को अंजाम देने वाले शूटरों को चोरी की स्कूटी उपलब्ध कराई थी, जबकि अयान ने राशिद की लोकेशन और इलाके की रेकी कर हमलावरों को जानकारी दी थी।
पुलिस जांच में यह भी पता चला था कि वारदात में इस्तेमाल की गई स्कूटी नूर-ए-इलाही इलाके से चोरी की गई थी। पुलिस अब इस हत्याकांड में शामिल सभी आरोपियों और उनके नेटवर्क की भूमिका की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार शूटरों से पूछताछ के बाद हत्या की पूरी साजिश और इसके पीछे की वजह सामने आ सकती है।
क्राइम ब्रांच अधिकारियों के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ की जा रही है। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में भी दबिश दे रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस हत्याकांड में और कितने लोग शामिल थे। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान इस सनसनीखेज हत्याकांड से जुड़े कई अहम खुलासे हो सकते हैं।





