Greater Noida: ग्रेटर नोएडा में जहर खाने से पति-पत्नी की मौत, तीन बच्चों की हालत नाजुक

Greater Noida: ग्रेटर नोएडा में जहर खाने से पति-पत्नी की मौत, तीन बच्चों की हालत नाजुक
नोएडा। ग्रेटर नोएडा से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां बुधवार देर रात एक पति-पत्नी ने अपने तीन बच्चों के साथ जहर खा लिया। गुरुवार सुबह जब काफी देर तक घर से कोई बाहर नहीं निकला, तो पड़ोसियों को अनहोनी की आशंका हुई। पड़ोसियों ने पहले आवाज लगाई और दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने दरवाजा तोड़कर घर में प्रवेश किया, जहां पति-पत्नी और उनके तीनों बच्चे बेहोशी की हालत में पड़े मिले। घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सभी को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने पति-पत्नी को मृत घोषित कर दिया, जबकि तीनों बच्चों का इलाज शुरू किया गया। बच्चों की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल से सफदरजंग स्थित एम्स रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। यह मामला इकोटेक-3 थाना क्षेत्र के सादुल्लापुर गांव का बताया जा रहा है।
मृतकों की पहचान श्रवण और नीलम के रूप में हुई है। दोनों मूल रूप से प्रयागराज के थाना एयरपोर्ट क्षेत्र के असरावल कला गांव के रहने वाले थे और फिलहाल ग्रेटर नोएडा के सादुल्लापुर गांव में अपने परिवार के साथ रह रहे थे। घटना के समय उनके तीन बच्चे वैष्णवी (10 वर्ष), वैभव (8 वर्ष) और लाडो (4 वर्ष) भी कमरे में मौजूद थे, जिन्होंने भी जहर खा लिया।
घटना के बाद नीलम के भाई अवध नारायण ने बताया कि उन्हें गुरुवार सुबह पूरे परिवार के जहर खाने की सूचना मिली थी। जब वह मौके पर पहुंचे, तब तक पुलिस सभी को अस्पताल ले जा चुकी थी। अस्पताल में डॉक्टरों ने उनकी बहन नीलम और बहनोई श्रवण को मृत घोषित कर दिया। उन्होंने बताया कि तीनों बच्चों की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें एम्स रेफर किया गया है।
परिजनों के अनुसार परिवार में किसी तरह के विवाद या तनाव की जानकारी सामने नहीं आई है। अवध नारायण ने कहा कि उनकी जानकारी में पति-पत्नी के बीच कोई झगड़ा या पारिवारिक परेशानी नहीं थी। श्रवण एक प्राइवेट कंपनी में बिल्डिंग प्रोजेक्ट से जुड़ा काम करते थे और परिवार सामान्य जीवन जी रहा था। उन्होंने जहर क्यों खाया, इसका कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सका है। परिजनों का कहना है कि बच्चों के होश में आने के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आ पाएगी।
वहीं, सेंट्रल नोएडा के एडिशनल डीसीपी सुधीर कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला पारिवारिक विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है, हालांकि सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है। बच्चों का इलाज चल रहा है और उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। पुलिस ने मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और जहर के प्रकार व घटना के कारणों की जांच की जा रही है।
इस घटना के बाद इलाके में शोक और सनसनी का माहौल है। पड़ोसी और स्थानीय लोग स्तब्ध हैं और इस बात को लेकर हैरान हैं कि आखिर ऐसा क्या हुआ, जिसने पूरे परिवार को यह खौफनाक कदम उठाने पर मजबूर कर दिया।





