New Delhi : भारतीय आध्यात्मिक परंपरा के सबसे चर्चित, दीर्घायु और रहस्यमयी संतों में शामिल देवराहा बाबा के जीवन से प्रेरित फिल्म ‘मचान बाबा’ बनने जा रही है। फिल्म का निर्माण ब्रिटेन की प्रतिष्ठित भारतीय मूल की कारोबारी पूनम गुप्ता OBE और अमेरिका में रहने वाले उद्यमी विकल्प पालीवाल मिलकर कर रहे हैं। फिल्म का आधिकारिक टाइटल पोस्टर जारी कर दिया गया है और इसे साल 2027 में रिलीज करने की योजना है।
यह घोषणा ऐसे समय में हुई है, जब नीब करौरी बाबा से प्रेरित फिल्म ‘हनुमान अंश’ की सफलता ने आध्यात्मिक व्यक्तित्वों पर आधारित सिनेमा के प्रति दर्शकों की दिलचस्पी को फिर से बढ़ा दिया है। इस भव्य फिल्म का निर्माण टेक्नोलॉजी कंपनी Ojas Softech की फिल्म इकाई Ojas Films के बैनर तले हो रहा है। Ojas Softech के प्रमुख डिजिटल ब्रांड्स में देश का अग्रणी ज्योतिष और AI प्लेटफॉर्म AstroSage AI शामिल है।
फिल्म की निर्माता पूनम गुप्ता (Paper Queen) ने प्रोजेक्ट के बारे में बात करते हुए कहा, “देवराहा बाबा का जीवन केवल आध्यात्मिक ही नहीं, बल्कि ऐतिहासिक और मानवीय दृष्टि से भी बेहद दिलचस्प है। उनकी आयु, नदी किनारे ऊंचे मचान पर रहने का तरीका और देश के बड़े व्यक्तित्वों से उनकी मुलाकातों के अनेक प्रसंग हैं। हमारी कोशिश इस कहानी को गहरी रिसर्च और सिनेमाई संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत करने की है।” फिल्म के सह-निर्माता विकल्प पालीवाल ने कहा, “भारत की आध्यात्मिक परंपरा में ऐसी कई कहानियां हैं जिनकी वैश्विक अपील हो सकती है। ‘मचान बाबा’ की कहानी भारतीय है, लेकिन इसके भीतर मौजूद रहस्य, विश्वास और मानवीय अनुभव सार्वभौमिक हैं। हमारा प्रयास इसे अंतरराष्ट्रीय दर्शकों से जोड़ने का है।”
इंदिरा गांधी प्रसंग और नीब करौरी बाबा से संबंध
फिल्म से जुड़ा एक सबसे दिलचस्प पहलू देवराहा बाबा और उनके समकालीन संत नीब करौरी बाबा का संबंध है। मौखिक विवरणों और संस्मरणों के अनुसार, नीब करौरी बाबा उनके प्रति विशेष सम्मान रखते थे। इसके अलावा, आम श्रद्धालुओं के साथ-साथ देश की कई प्रमुख राजनीतिक हस्तियां भी बाबा से आशीर्वाद लेने मचान पर पहुंचती थीं, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से जुड़ा प्रसंग सबसे चर्चित माना जाता है।
रिसर्च और प्री-प्रोडक्शन का चरण चालू
‘मचान बाबा’ फिलहाल अपने प्री-प्रोडक्शन चरण में है। फिल्म की कोर टीम बाबा से जुड़े साहित्य, दुर्लभ तस्वीरों, पुराने दस्तावेजों और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुभवों का बारीकी से अध्ययन कर रही है। निर्माताओं का स्पष्ट उद्देश्य देवराहा बाबा के जीवन को केवल सनसनी या चमत्कार के रूप में प्रस्तुत करना नहीं, बल्कि उनके व्यक्तित्व से जुड़ी आस्था, इतिहास, राजनीति और रहस्य की अलग-अलग परतों को पूरी प्रामाणिकता के साथ बड़े पर्दे पर लाना है।


