Noida International Airport Security: AI कैमरे और मिनी रोबोट से होगी हाईटेक निगरानी, CISF संभालेगी सुरक्षा

Noida International Airport Security: AI कैमरे और मिनी रोबोट से होगी हाईटेक निगरानी, CISF संभालेगी सुरक्षा
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लोकार्पण के बाद अब इसके संचालन की तैयारियां तेज हो गई हैं और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर विश्वस्तरीय इंतजाम किए जा रहे हैं। Noida International Airport पर हाईटेक सुरक्षा प्रणाली लागू की जा रही है, जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित कैमरे और भारत में निर्मित आधुनिक रोबोटिक सिस्टम शामिल हैं।
एयरपोर्ट के 4200 मीटर लंबे रनवे की निगरानी के लिए हर 50 मीटर पर हाई रेजोल्यूशन एआई कैमरे लगाए गए हैं। इसके अलावा हर 100 मीटर पर 360 डिग्री व्यू वाले कैमरे भी तैनात किए गए हैं, जिससे पूरे क्षेत्र पर लगातार नजर रखी जा सकेगी। यह व्यवस्था संदिग्ध गतिविधियों को तुरंत पहचानने और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने में मदद करेगी।
सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए भारत में विकसित मिनी रिमोटली ऑपरेटेड व्हीकल (MROV) रोबोटिक सिस्टम को भी तैनात किया गया है। इस अत्याधुनिक सिस्टम को Central Industrial Security Force की क्विक रिएक्शन टीम को सौंपा गया है। यह रोबोट वायरलेस तरीके से ऑपरेट होता है और संदिग्ध वस्तु या बम का पता लगाकर उसे सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय करने में सक्षम है।
एयरपोर्ट की सुरक्षा की जिम्मेदारी अब पूरी तरह से सीआईएसएफ ने संभाल ली है। केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से 1030 जवानों की तैनाती को मंजूरी दी गई है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा भी विशेष प्रशिक्षित कर्मियों को तैनात किया जा रहा है, जो घरेलू और अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड के निजी सुरक्षा कर्मी भी इस सुरक्षा व्यवस्था का हिस्सा होंगे।
आपात स्थिति से निपटने के लिए सीआईएसएफ की क्विक रिएक्शन टीम को बख्तरबंद एसयूवी वाहन भी दिए गए हैं। ये वाहन बी-6 स्तर की बैलिस्टिक सुरक्षा से लैस हैं और 270 डिग्री कवरेज के साथ गन बुर्ज, मशीनगन और मल्टी-लेयर बुलेटप्रूफ ग्लास से सुसज्जित हैं। यह व्यवस्था आतंकवादी हमलों या अन्य खतरनाक परिस्थितियों में त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया देने में सक्षम बनाएगी।
इस अत्याधुनिक सुरक्षा सिस्टम के जरिए नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को देश के सबसे सुरक्षित और आधुनिक एयरपोर्ट्स में शामिल करने की तैयारी है। इससे यात्रियों को सुरक्षित, भरोसेमंद और विश्वस्तरीय अनुभव मिलने की उम्मीद है।





