Himachal: हिमाचल कैबिनेट के बड़े फैसले, हमीरपुर में कैंसर केयर सेंटर से लेकर एशिया की सबसे लंबी जिपलाइन को मंजूरी

Himachal: हिमाचल कैबिनेट के बड़े फैसले, हमीरपुर में कैंसर केयर सेंटर से लेकर एशिया की सबसे लंबी जिपलाइन को मंजूरी
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में शिमला में आयोजित प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में राज्य के विकास, स्वास्थ्य, ऊर्जा, सामाजिक सुरक्षा और बुनियादी ढांचे से जुड़े कई अहम निर्णय लिए गए। बैठक में डॉ. राधाकृष्णन राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय, हमीरपुर में अत्याधुनिक कैंसर केयर सेंटर स्थापित करने को मंजूरी दी गई। इस सेंटर में 11 नए विभाग खोले जाएंगे और विभिन्न श्रेणियों के आवश्यक पद सृजित कर उन्हें भरा जाएगा, जिससे क्षेत्र के मरीजों को बेहतर और आधुनिक इलाज की सुविधा मिल सकेगी।
मंत्रिमंडल ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन एवं भत्ता नियम, 2010 में संशोधन को भी स्वीकृति दी, ताकि लाभार्थियों को पेंशन और अन्य भत्तों का समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जा सके। राज्य में वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राष्ट्रीय भू-तापीय ऊर्जा नीति को अपनाने का निर्णय लिया गया। इसके तहत ऊर्जा निदेशालय को नोडल एजेंसी बनाया गया है और स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति, 2021 में भू-तापीय ऊर्जा से जुड़े दिशा-निर्देश शामिल करने की मंजूरी दी गई है।
अनाथों और विधवाओं के कल्याण के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाते हुए पेट्रोल और हाई-स्पीड डीजल के प्वाइंट ऑफ फर्स्ट सेल पर ‘ओरफन एंड विडो सेस’ लगाने के लिए अध्यादेश लाने की स्वीकृति दी है। सरकार का कहना है कि इस सेस से उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ेगा, लेकिन इससे कल्याणकारी योजनाओं के लिए स्थायी वित्तीय संसाधन उपलब्ध होंगे।
ऊर्जा क्षेत्र में भी अहम फैसले लेते हुए मंत्रिमंडल ने 25 मेगावाट तक की चार जल विद्युत परियोजनाओं को निविदा प्रक्रिया पूरी होने के बाद सफल बोलीकर्ताओं को आवंटित करने की मंजूरी दी। इनमें खौली-2, मलाणा-3, मनालसू और धनछो जल विद्युत परियोजनाएं शामिल हैं। पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कांगड़ा जिले में धर्मशाला के समीप 7.41 करोड़ रुपये की लागत से 4.3 किलोमीटर लंबी नड्डी जिपलाइन परियोजना को स्वीकृति दी गई है, जिसे एशिया की सबसे लंबी जिपलाइन बताया जा रहा है।
मंत्रिमंडल ने स्वास्थ्य और प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने के लिए कई नियुक्तियों और नीतिगत बदलावों को भी मंजूरी दी। सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर नीति में संशोधन करते हुए 66.66 प्रतिशत सीटें इन-सर्विस डॉक्टरों और 33.33 प्रतिशत सीटें डायरेक्ट अभ्यर्थियों के लिए तय की गई हैं। सहायक स्टाफ नर्स की भर्ती में आयु सीमा बढ़ाकर 18 से 45 वर्ष कर दी गई है, जबकि आरक्षित वर्गों को अतिरिक्त छूट दी जाएगी। इसके अलावा एम्स बिलासपुर परिसर में 8 अतिरिक्त ब्लॉकों के निर्माण को भी स्वीकृति दी गई है।
राज्य कर एवं आबकारी विभाग, राजस्व विभाग, लोक निर्माण विभाग, मानसिक रूप से दिव्यांग बच्चों के संस्थान, आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ और खेल छात्रावासों में विभिन्न श्रेणियों के पद सृजित कर भरने का निर्णय भी लिया गया। लंबित राजस्व मामलों के शीघ्र निपटारे के लिए सेवानिवृत्त अधिकारियों की पुनर्नियुक्ति का भी फैसला किया गया है।
औद्योगिक विकास और निवेश को बढ़ावा देने के लिए हिमाचल प्रदेश औद्योगिक निवेश नीति, 2019 को 31 मार्च 2026 तक बढ़ाने का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही पोषण और खाद्य सुरक्षा को मजबूत करने के लिए कांगड़ा, मंडी, शिमला और बद्दी में चार नई प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी। हवाई संपर्क बेहतर करने के लिए एलायंस एयर को दिल्ली-शिमला और शिमला-धर्मशाला रूट पर 46 सीटर विमान संचालन की अनुमति दी गई है। शिमला में नए आइस स्केटिंग रिंक के निर्माण और हिमाचल भूमि राजस्व नियम, 2025 को मंजूरी के साथ बैठक समाप्त हुई।




