
अमर सैनी
नोएडा।हर घर से कूड़ा उठाने और शहर की सड़कों पर साफ-सफाई की व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा। ग्रेटर नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट में एकीकृत मैकेनिकल और मैनुअल स्वीपिंग व्यवस्था लागू किए जाने के लिए कंपनी की तलाश की जा रही है। इच्छुक कंपनियों के पास आवेदन करने के लिए 26 नवंबर तक का मौका है। प्राधिकरण इस पर 242 करोड़ रुपये खर्च करेगा। शहर को जोन में बांटकर सफाई कराई जाएगी। एक जोन में एक ही कंपनी कूड़ा उठाने और सफाई की पूरी जिम्मेदारी संभालेगी। उम्मीद है कि यह व्यवस्था नए साल से लागू हो जाएगी। दरअसल, ग्रेटर नोएडा में सफाई व्यवस्था पटरी से उतर हो चुकी है। इस बार दीपावली पर भी सफाई नहीं हो पाई थी। सभी सेक्टरों में घरों से कूड़ा उठाने की उचित व्यवस्था न होने की वजह से इधर-उधर गंदगी फैली रहती है। झाड़ू भी नियमित रूप से नहीं लगती। प्राधिकरण से मिली जानकारी के मुताबिक, अभी पांच कंपनियों के पास शहर की सफाई की जिम्मेदारी है। शहर के अल्फा, बीटा, गामा, डेल्टा, स्वर्णनगरी आदि सेक्टरों को छोड़ दें तो कई सेक्टरों में कूड़ा उठाने और सफाई के लिए टेंडर ही नहीं है। ऐसे में इधर-उधर फैली गंदगी को लेकर प्राधिकरण की जमकर किरकिरी हो रही है। इस समस्या के समाधान के लिए प्राधिकरण ने नई योजना बनाई है। इसके तहत अब प्रत्येक सेक्टर की साफ-सफाई, डोर टू डोर कूड़ा उठाने, पत्तियों और अन्य प्रकार का मलबा उठाने की जिम्मेदारी एक ही कंपनी को दी जाएगी। एकीकृत मैकेनिकल और मैनुअल स्वीपिंग व्यवस्था के तहत पूरे सेक्टर में एक ही एजेंसी काम करेगी। इसका फायदा यह होगा कि लापरवाही बरतने पर संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई करना आसान हो जाएगा। अभी अलग-अलग काम के लिए अलग-अलग एजेंसी होने पर एक दूसरे पर जिम्मेदारी टाल दी जाती है। प्राधिकरण अधिकारी के मुताबिक, निविदा की प्रक्रिया पूरी कर एक माह में कंपनी का चयन कर लिया जाएगा। शहर में उत्सर्जित होने वाले कूड़े को कूड़ा निस्तारण केंद्र तक पहुंचाने की जिम्मेदारी संबंधित एजेंसी की होगी। इसकी निगरानी के लिए गाड़ियों में जीपीएस लगाए जाएंगे। शिकायतों के समाधान के लिए कंट्रोल रूप स्थापित किया जाएगा।
कई सेक्टरों में साफ सफाई का टेंडर नहीं है
शहर में अभी कई सेक्टरों और कुछ प्रमुख सड़कों की साफ-सफाई का टेंडर नहीं किया गया। इसके चलते सड़क की साफ-सफाई में दिक्कत आ रही है। 40 सड़कों को पहली बार टेंडर में शामिल किया गया है।
शहरी क्षेत्र और आसपास के गांवों में घर-घर से कूड़ा उठाने और सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए एकीकृत मैकेनिकल स्वीपिंग और मैनुअल स्वीपिंग प्रणाली लागू करने की योजना बनाई गई है। कंपनियों की तलाश के लिए निविदा जारी की गई है। निविदा प्रक्रिया पूरी कर एक माह में कंपनी का चयन कर लिया जाएगा। साफ सफाई की व्यवस्था को दुरुस्त कर शहर को सुंदर बनाया जाएगा।
* प्रेरणा सिंह, एसीईओ, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण