Noida Police Action: रेप केस में लापरवाही पर SHO और विवेचक सस्पेंड, DCP से मांगा स्पष्टीकरण

Noida Police Action: रेप केस में लापरवाही पर SHO और विवेचक सस्पेंड, DCP से मांगा स्पष्टीकरण
नोएडा के थाना फेज-तीन क्षेत्र में सामने आए गंभीर आपराधिक मामले में पुलिस कमिश्नर ने बड़ा एक्शन लेते हुए संबंधित SHO और विवेचक को सस्पेंड कर दिया है। यह कार्रवाई एक युवती के साथ कथित रूप से धोखे, दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग के मामले में पुलिस की लापरवाही सामने आने के बाद की गई है।
जानकारी के अनुसार, क्षेत्र में रहने वाली एक युवती को एक युवक ने अपनी पहचान और धर्म छिपाकर प्रेमजाल में फंसा लिया। आरोपी ने शादी का झांसा देकर युवती के आपत्तिजनक वीडियो बना लिए और बाद में उन्हें वायरल करने की धमकी देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं, आरोप है कि आरोपी ने पीड़िता से लाखों रुपये भी वसूल किए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने तत्काल सख्त रुख अपनाया। डीसीपी शक्ति अवस्थी से इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा गया है, जबकि एसीपी सेंट्रल उमेश यादव को प्रारंभिक जांच के आदेश दिए गए हैं। इसके साथ ही थाना प्रभारी पुनीत कुमार और विवेचक प्रीति गुप्ता को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई कि मामले में FIR दर्ज करते समय कई महत्वपूर्ण धाराओं को शामिल नहीं किया गया। विशेष रूप से धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम और SC/ST एक्ट को FIR में शामिल न करना बड़ी लापरवाही माना गया है। इसी को देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने मामले की विस्तृत जांच ADCP नोएडा को सौंप दी है।
इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल भी देखने को मिला। आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं ने थाने पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया और जमकर हंगामा किया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए लोगों को शांत कराया।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है और अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर पुलिस की कार्यप्रणाली और संवेदनशील मामलों में सतर्कता की जरूरत को उजागर किया है।


