Education: 80 शिक्षकों और 45 हजार छात्रों को मिलेगी आर्थिक सुरक्षा, आज बांटे जाएंगे कैशलेस इलाज कार्ड और डीबीटी की राशि

Education: 80 शिक्षकों और 45 हजार छात्रों को मिलेगी आर्थिक सुरक्षा, आज बांटे जाएंगे कैशलेस इलाज कार्ड और डीबीटी की राशि
नोएडा। जनपद के 80 शिक्षकों और करीब 45 हजार छात्रों के लिए बुधवार का दिन बड़ी सौगात लेकर आया है। बेसिक शिक्षा विभाग शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के हित में कई महत्वपूर्ण योजनाओं की शुरुआत करने जा रहा है। इस पहल के तहत शिक्षकों और कर्मचारियों को सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा से जोड़ने के साथ-साथ छात्रों को प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से आर्थिक सहायता भी प्रदान की जाएगी।
आईआईएमटी कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री नरेंद्र कश्यप मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इस दौरान शिक्षकों और कर्मचारियों को कैशलेस इलाज की सुविधा से जुड़े हेल्थ कार्ड वितरित किए जाएंगे। साथ ही जनपद के हजारों छात्रों के बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से 1,200 रुपये की सहायता राशि भी भेजी जाएगी, जिससे उन्हें शैक्षणिक जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी।
बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल पंवार ने बताया कि 8 जुलाई को वाराणसी में मुख्यमंत्री की उपस्थिति में बेसिक शिक्षा विभाग और भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। इस समझौते का उद्देश्य प्रदेशभर के स्थायी और संविदा शिक्षकों तथा कर्मचारियों को बेहतर बैंकिंग सुविधाओं के साथ व्यापक बीमा सुरक्षा उपलब्ध कराना है।
उन्होंने बताया कि इस पहल के माध्यम से प्रदेश के लगभग 10 लाख स्थायी और संविदा शिक्षक एवं कर्मचारी एसबीआई के विशेष सैलरी पैकेज का लाभ उठा सकेंगे। इसके अंतर्गत बैंकिंग सेवाओं के अलावा दुर्घटना बीमा, जीवन बीमा, कैशलेस चिकित्सा सुविधा तथा अन्य वित्तीय सुरक्षा से जुड़ी कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे शिक्षकों और कर्मचारियों की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा को और अधिक मजबूती मिलेगी।
एमओयू लागू होने के बाद जिन शिक्षकों और कर्मचारियों के वेतन खाते पहले से एसबीआई में हैं, उन्हें विशेष सैलरी पैकेज में शामिल किया जाएगा। वहीं जिनका वेतन खाता किसी अन्य बैंक में संचालित है, उन्हें एसबीआई में नया खाता खुलवाने के लिए प्रेरित किया जाएगा, ताकि वे भी इस योजना के तहत मिलने वाली सभी सुविधाओं और लाभों का पूरा फायदा उठा सकें।
बेसिक शिक्षा विभाग का मानना है कि यह पहल न केवल शिक्षकों और कर्मचारियों की आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करेगी, बल्कि छात्रों को समय पर आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। विभाग का उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के साथ-साथ शिक्षकों और विद्यार्थियों के कल्याण को प्राथमिकता देना है।





