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Noida Authority Meeting: किसानों के 5% प्लॉट पर फैसला टला, बोर्ड बैठक के बाद बढ़ी नाराजगी

Noida Authority Meeting: किसानों के 5% प्लॉट पर फैसला टला, बोर्ड बैठक के बाद बढ़ी नाराजगी

नोएडा प्राधिकरण की 222वीं बोर्ड बैठक के बाद किसानों और प्राधिकरण के बीच एक बार फिर टकराव की स्थिति बन गई है। खासतौर पर 5 प्रतिशत आबादी भूखंड के मुद्दे पर कोई ठोस फैसला न होने से किसानों में नाराजगी बढ़ गई है। बैठक के बाद प्राधिकरण को इस विषय में स्पष्टीकरण जारी करना पड़ा, जिससे साफ हुआ कि फिलहाल इस अहम मुद्दे पर कोई नई नीति लागू नहीं की गई है।

प्राधिकरण ने स्पष्ट किया कि 5 प्रतिशत आबादी भूखंडों को लेकर अभी कोई नया निर्णय नहीं लिया गया है और पुराने नियम ही प्रभावी रहेंगे। यानी भवन विनियमावली 2010 के अध्याय-6 के तहत जो प्रावधान पहले से लागू हैं, वही आगे भी जारी रहेंगे। इस फैसले से उन किसानों में असंतोष है, जो लंबे समय से इस मामले में बदलाव और स्पष्ट नीति की मांग कर रहे थे।

हालांकि प्राधिकरण ने ग्रामीण आबादी क्षेत्रों में राहत देने के संकेत जरूर दिए हैं। मानचित्र स्वीकृति प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए एक प्रस्ताव रखा गया है, जिसके तहत आम जनता से आपत्तियां और सुझाव मांगे जाएंगे। इन सुझावों की समीक्षा के लिए एक समिति गठित की जाएगी, जो परीक्षण के बाद नई नीति तैयार करेगी। इससे भविष्य में ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माण प्रक्रिया आसान हो सकती है।

बैठक में वर्ष 2010 से 2023 के बीच 5 प्रतिशत भूखंड के लिए जमा धनराशि के मामलों पर भी चर्चा की गई। जानकारी के अनुसार, करीब 70 किसानों ने इस योजना के तहत पहले ही पैसा जमा कर रखा है। प्राधिकरण ने संकेत दिया है कि इच्छुक किसानों की सहमति के आधार पर समतुल्य धनराशि लेकर भूखंड आवंटन की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकती है। इसके लिए आवश्यक जमीन का विवरण तैयार किया जा रहा है, जिससे आने वाले समय में कुछ किसानों को राहत मिल सकती है।

इसके अलावा, न्यू नोएडा क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण की दरों को Yamuna Expressway Industrial Development Authority के बराबर करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई है। यह कदम किसानों को बेहतर मुआवजा देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

प्राधिकरण ने यह भी बताया कि किसानों के लंबित मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर सुलझाने के निर्देश दिए गए हैं। इस दिशा में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, जिनमें Pankaj Singh और प्राधिकरण अध्यक्ष Deepak Kumar शामिल हैं, के स्तर पर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि अगली बोर्ड बैठक में इन मुद्दों पर कोई ठोस और अंतिम निर्णय सामने आ सकता है।

फिलहाल 5 प्रतिशत प्लॉट के मुद्दे पर अनिश्चितता बनी हुई है, जिससे किसानों की चिंता और नाराजगी दोनों बढ़ रही हैं। आने वाले दिनों में यह मामला और तूल पकड़ सकता है, यदि प्राधिकरण जल्द कोई स्पष्ट नीति नहीं लाता।

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