राज्यहरियाणा

Faridabad ED Raid: फरीदाबाद में कांग्रेस नेता विजय प्रताप के आवास पर ईडी की छापेमारी, PACL चिटफंड घोटाले से जुड़ी कार्रवाई

Faridabad ED Raid: फरीदाबाद में कांग्रेस नेता विजय प्रताप के आवास पर ईडी की छापेमारी, PACL चिटफंड घोटाले से जुड़ी कार्रवाई

रिपोर्ट: संदीप चौहान

हरियाणा के फरीदाबाद में आज सुबह से ही प्रवर्तन निदेशालय की बड़ी कार्रवाई चल रही है। ईडी की टीम ने कांग्रेस नेता विजय प्रताप के आवास सहित कई अन्य ठिकानों पर छापेमारी की है। यह कार्रवाई करीब 2,850 करोड़ रुपये के PACL चिटफंड घोटाले से जुड़ी बताई जा रही है, जिसमें राजस्थान के कांग्रेस नेता प्रताप सिंह खाचरियावास सहित अन्य नेताओं के नाम सामने आए हैं।

ईडी की टीम ने सुबह करीब 7 बजे विजय प्रताप के आवास पर छापेमारी शुरू की, जो देर शाम तक जारी रही। कार्रवाई के दौरान दस्तावेजों की जांच की गई और कई अहम कागजात खंगाले गए। छापेमारी की सूचना मिलते ही कांग्रेस कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल राजनीतिक बदले की भावना से किया जा रहा है।

महेन्द्र प्रताप और विजय प्रताप के घर ईडी की रेड को लेकर कांग्रेस के पूर्व मंत्री करन दलाल का तीखा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि यह भारतीय जनता पार्टी की कायराना हरकत है और अपने राजनीतिक विरोधियों को इस तरह से बदनाम किया जा रहा है। करन दलाल ने आरोप लगाया कि ईडी, इनकम टैक्स, आईबी और सीबीआई जैसी एजेंसियां भाजपा की गुलाम बन चुकी हैं और बिना कानून व नियमों की परवाह किए लोगों को परेशान किया जा रहा है।

उन्होंने हरियाणा पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस अपनी वर्दी की इज्जत भूलकर इन शासकों के सामने अपना ईमान गिरवी रख चुकी है। करन दलाल ने कहा कि चौधरी महेंद्र प्रताप हरियाणा के कद्दावर और ईमानदार नेता हैं, लेकिन उनकी उम्र और स्वास्थ्य को नजरअंदाज करते हुए ईडी ने चोरों की तरह कार्रवाई की, जिसे पूरा इलाका समझ रहा है।

कांग्रेस नेताओं का दावा है कि लोकसभा चुनाव लड़कर महेंद्र प्रताप ने जो ताकत दिखाई, उससे भाजपा घबराई हुई है और इसी वजह से केवल विरोधी दलों के नेताओं के घरों पर ही छापेमारी की जा रही है। वहीं ईडी की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। छापेमारी के बाद फरीदाबाद की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और आने वाले समय में इस कार्रवाई को लेकर सियासी घमासान और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।

Himachal Pradesh: अनुकंपा नियुक्ति की प्रतीक्षा कर रहे 202 पात्र आवेदकों को नए वर्ष का तोहफा, मुख्यमंत्री सुक्खू का बड़ा फैसला

Related Articles

Back to top button