Noida Congress: अमेरिका के टैरिफ वार से नोएडा के निर्यातकों ने बदली रणनीति
Noida Congress: अमेरिका के टैरिफ वार से नोएडा के निर्यातकों ने बदली रणनीति
नोएडा। अमेरिका की ओर से हाल ही में 10 प्रतिशत टैरिफ बढ़ाए जाने के बावजूद नोएडा के निर्यातकों पर इसका तत्काल बड़ा असर पड़ने की संभावना कम है। निर्यातकों का कहना है कि अमेरिका की ओर से संभावित टैरिफ वृद्धि की आशंका को देखते हुए उन्होंने पिछले वर्ष से ही अपनी रणनीति में बदलाव शुरू कर दिया था। अब अमेरिका पर निर्भरता कम करते हुए यूके, दक्षिण अफ्रीका समेत दूसरे वैश्विक बाजारों में निर्यात बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
नोएडा अपैरल क्लस्टर के अध्यक्ष ललित ठुकराल के अनुसार, जिले से करीब ₹55,000 करोड़ का अपैरल निर्यात होता है। पहले इस निर्यात का बड़ा हिस्सा अमेरिकी बाजार पर निर्भर था, लेकिन पिछले कुछ समय में उद्यमियों ने नए बाजारों में अपनी मौजूदगी मजबूत की है।
उन्होंने बताया कि यूके और दक्षिण अफ्रीका जैसे बाजारों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इन बाजारों में भारत को फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एफटीए) का भी लाभ मिल रहा है। ऐसे में निर्यातकों ने अपनी रणनीति को अधिक विविध और लचीला बनाया है।
अमेरिका पर निर्भरता घटाने की तैयारी
निर्यातकों ने पिछले वर्ष से ही अमेरिका के अलावा दूसरे देशों में कारोबार बढ़ाने पर काम शुरू कर दिया था। यूके के साथ हुए एफटीए को निर्यातकों के लिए महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है। उद्यमियों के अनुसार, भारत के साथ 38 देशों के एफटीए हैं और इन बाजारों में अपैरल सहित अन्य उत्पादों के निर्यात की संभावनाएं लगातार बढ़ रही हैं।
निर्यातकों का कहना है कि यदि अमेरिका में टैरिफ संबंधी नीतियों में आगे भी बदलाव होता है तो नए बाजारों में बढ़ाई गई हिस्सेदारी कारोबार पर उसके प्रभाव को कम करने में मदद करेगी। इसके अलावा अलग-अलग देशों में बाजार विकसित करने से किसी एक देश पर अत्यधिक निर्भरता भी घटेगी।
नोएडा अपैरल क्लस्टर के अध्यक्ष ललित ठुकराल ने कहा कि पिछले साल टैरिफ वार के कारण निर्यात कारोबार को नुकसान हुआ था, लेकिन इस बार उद्यमियों ने पहले से अपनी रणनीति बदल ली है। निर्यातक सुचेत बंसल ने कहा कि अमेरिका की टैरिफ रणनीति से कारोबारियों का भरोसा प्रभावित हुआ है और अब किसी एक देश पर अत्यधिक निर्भर रहना उचित नहीं है।
निर्यातक कुलदीप गोयल ने कहा कि भारत जिन 38 देशों के साथ एफटीए कर चुका है, वहां व्यापार बढ़ाने के प्रयास किए जाने चाहिए। आईआईए नोएडा के चेयरमैन नवीन गुप्ता ने कहा कि सरकार की ओर से अन्य वैश्विक बाजारों के द्वार खोलने की दिशा में बेहतर प्रयास किए जा रहे हैं, जिससे निर्यातकों को राहत मिल सकती है।
