Noida Logistics Plan: नोएडा में ट्रकों की आवाजाही के लिए बनेगा मास्टरप्लान, 7 दिन का सर्वे शुरू

Noida Logistics Plan: नोएडा में ट्रकों की आवाजाही के लिए बनेगा मास्टरप्लान, 7 दिन का सर्वे शुरू
नोएडा में तेजी से बढ़ रही औद्योगिक गतिविधियों और माल परिवहन की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए नोएडा प्राधिकरण ने सिटी लॉजिस्टिक प्लान (सीएलपी) तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस योजना का उद्देश्य शहर में ट्रकों की आवाजाही को व्यवस्थित करना, यातायात जाम को कम करना और प्रदूषण पर नियंत्रण पाना है। इसके लिए प्राधिकरण ने सात दिन का विशेष सर्वे शुरू किया है, जिसके माध्यम से शहर में माल ढुलाई और लॉजिस्टिक गतिविधियों का विस्तृत अध्ययन किया जाएगा।
केंद्र सरकार की पहल पर देश के 25 राज्यों के 100 से अधिक शहरों के लिए सिटी लॉजिस्टिक प्लान तैयार किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश से नोएडा, वाराणसी और मुरादाबाद को इस महत्वाकांक्षी योजना में शामिल किया गया है। नोएडा में सर्वेक्षण कार्य को प्रभावी ढंग से पूरा करने के लिए दो अलग-अलग टीमों का गठन किया गया है। पहली टीम शहर के प्रमुख प्रवेश और निकास मार्गों पर ट्रकों की आवाजाही का अध्ययन कर रही है, जबकि दूसरी टीम औद्योगिक क्षेत्रों में जाकर माल परिवहन और लॉजिस्टिक गतिविधियों से संबंधित आंकड़े एकत्र कर रही है।
सर्वे के दौरान यह भी पता लगाया जाएगा कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के विभिन्न जिलों से प्रतिदिन कितने ट्रक नोएडा में प्रवेश करते हैं और उनका उपयोग किन कार्यों के लिए किया जाता है। सात दिन तक एकत्र किए गए आंकड़ों का विश्लेषण कर विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी। यह रिपोर्ट शासन के माध्यम से केंद्र सरकार को भेजी जाएगी, जिसके आधार पर आगे की रणनीति और विकास योजनाएं बनाई जाएंगी।
सिटी लॉजिस्टिक प्लान की निगरानी के लिए नोएडा प्राधिकरण ने एक विशेष समिति का गठन किया है। समिति की अध्यक्षता अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (एसीईओ) करेंगे। इसमें सिविल, नियोजन और औद्योगिक विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को शामिल किया गया है। सर्वे रिपोर्ट पहले एसीईओ और उसके बाद सीईओ के माध्यम से शासन को भेजी जाएगी।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य औद्योगिक गतिविधियों को प्रभावित किए बिना ट्रकों की आवाजाही को सुव्यवस्थित करना है। इससे शहर के प्रमुख मार्गों पर यातायात का दबाव कम होगा और लोगों को जाम की समस्या से राहत मिलेगी। आने वाले समय में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के संचालन के बाद माल परिवहन की मांग में और अधिक वृद्धि होने की संभावना है। ऐसे में इंडस्ट्रियल जोन से एयरपोर्ट तक तेज और सुगम परिवहन व्यवस्था विकसित करना भी इस योजना का महत्वपूर्ण हिस्सा होगा।
सिटी लॉजिस्टिक प्लान के तहत शहर की उन सड़कों की पहचान की जाएगी जहां सबसे अधिक लॉजिस्टिक गतिविधियां होती हैं। ट्रकों के लिए वैकल्पिक और बेहतर मार्ग तय किए जाएंगे। साथ ही वेयरहाउस, बाजार और औद्योगिक क्षेत्रों का विस्तृत लॉजिस्टिक मैप तैयार किया जाएगा। पार्किंग, लोडिंग और अनलोडिंग सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए भी सुझाव दिए जाएंगे। यह पूरी योजना नेशनल लॉजिस्टिक पॉलिसी (एनएलपी) के अनुरूप तैयार की जाएगी ताकि भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए दीर्घकालिक विकास सुनिश्चित किया जा सके।
नोएडा प्राधिकरण का मानना है कि योजना लागू होने के बाद ट्रकों की आवाजाही अधिक व्यवस्थित होगी, जिससे ईंधन की बचत होगी, यातायात का दबाव कम होगा और वायु प्रदूषण में भी कमी आएगी। प्राधिकरण का लक्ष्य नोएडा को एक आधुनिक, स्मार्ट और सुव्यवस्थित लॉजिस्टिक हब के रूप में विकसित करना है।





