Noida Authority Action: नोएडा में 3000 डिफाल्टर वेंडरों के लाइसेंस होंगे रद्द, 15 अप्रैल तक अंतिम मौका

Noida Authority Action: नोएडा में 3000 डिफाल्टर वेंडरों के लाइसेंस होंगे रद्द, 15 अप्रैल तक अंतिम मौका
उत्तर प्रदेश के Noida में वेंडर जोन से जुड़ा बड़ा प्रशासनिक फैसला सामने आया है। Noida Authority ने करीब 3000 डिफाल्टर वेंडरों के लाइसेंस रद्द करने की प्रक्रिया शुरू करने की चेतावनी जारी कर दी है। इन वेंडरों को 15 अप्रैल तक बकाया शुल्क जमा करने का अंतिम मौका दिया गया है।
प्राधिकरण ने शहर में सड़क और फुटपाथ से हटाकर रेहड़ी-पटरी कारोबारियों के लिए अलग-अलग सेक्टरों में वेंडर जोन विकसित किए थे, ताकि व्यापार व्यवस्थित तरीके से चल सके। इसके तहत हजारों वेंडरों को लाइसेंस जारी किए गए, लेकिन बड़ी संख्या में लोगों ने निर्धारित शुल्क जमा नहीं किया।
जानकारी के अनुसार, कुल करीब 5300 वेंडरों को लाइसेंस दिए गए थे, जिनमें से लगभग 3000 वेंडरों ने अब तक शुल्क का भुगतान नहीं किया है। यह शुल्क 1800 से 3000 रुपये के बीच निर्धारित था, लेकिन कई वेंडरों द्वारा लंबे समय से भुगतान नहीं किया जा रहा है।
प्राधिकरण के ओएसडी इंदु प्रकाश सिंह ने बताया कि 31 मार्च तक लाइसेंस शुल्क से लगभग 3.5 करोड़ रुपये का राजस्व आने की उम्मीद थी, लेकिन अब तक केवल 1.5 करोड़ रुपये ही जमा हो पाए हैं। ऐसे में करीब 2 करोड़ रुपये का भुगतान अभी भी बकाया है।
प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि कई बार नोटिस जारी करने के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हुआ है, जिसके बाद अब सख्त कार्रवाई का निर्णय लिया गया है। यदि 15 अप्रैल तक बकाया शुल्क जमा नहीं किया गया तो संबंधित वेंडरों के लाइसेंस रद्द कर दिए जाएंगे।
लाइसेंस रद्द होने के बाद ऐसे वेंडरों को वेंडर जोन में कारोबार करने की अनुमति नहीं होगी और बिना अनुमति दुकान लगाने पर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस कदम से जहां एक ओर प्राधिकरण का राजस्व बढ़ाने की कोशिश है, वहीं दूसरी ओर वेंडर समुदाय पर भी इसका सीधा असर पड़ने की संभावना है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और सख्ती देखने को मिल सकती है।


