Bulandshahar (अवनीश त्यागी) : बुलंदशहर से खबर है कि नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन के प्रादेशिक प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री बृजेश पाठक से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल में पश्चिम उत्तर प्रदेश के क्षेत्रीय सचिव और कल्याण सिंह राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय बुलंदशहर के सहायक आचार्य विनोद कुमार सिंह और अवध प्रांत संगठन मंत्री कपिल शर्मा भी शामिल रहे।

विनोद कुमार सिंह ने बताया कि बैठक में उपमुख्यमंत्री द्वारा स्वास्थ्य कर्मियों, छात्रों और चिकित्सकों के हित में किए जा रहे कार्यों के लिए धन्यवाद दिया गया। साथ ही इंटर्न छात्रों का वेतन बढ़ाने और नॉन पीजी रेजिडेंट्स के वेतन में एकरूपता लाने के लिए किए जा रहे प्रयासों के लिए विशेष आभार जताया गया।
बैठक में कई महत्वपूर्ण मांगें रखी गईं। इसमें चिकित्सा शिक्षा विभाग में महानिदेशक के पद पर वरिष्ठ चिकित्सा शिक्षक की नियुक्ति, चिकित्सकों के लिए कॉन्फ्रेंस और रिसर्च अलाउंस, पे प्रोटेक्शन का लाभ, यूपीएमएससीएल द्वारा अस्पतालों में दवाओं की मात्रा बढ़ाना, छात्रावासों की स्थिति में सुधार और न्यूनतम मानक तय करना, हर मेडिकल कॉलेज में स्टूडेंट वेलफेयर कमेटी का गठन और प्रमोशन के लिए समय पर इंटरव्यू कराने जैसे मुद्दे शामिल थे। चिकित्सकों और पीएमएस से जुड़े अन्य विषयों पर भी चर्चा हुई।
विनोद कुमार सिंह ने बताया कि डिप्टी सीएम ने सभी बिंदुओं पर सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया और कुछ मामलों के तत्काल निस्तारण के लिए अधिकारियों को निर्देश भी दिए। बैठक में बीएचयू वाराणसी में एनएचएम के सहयोग से कॉक्लियर इम्प्लांट लगाने और ऑटिज्म के बढ़ते मामलों को देखते हुए डॉक्टरों और स्टाफ की भर्ती पर भी सहमति बनी।
इस बैठक में समन्वयक के रूप में एनएमओ के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य विश्वम्भर सिंह और भूपेंद्र सिंह मौजूद रहे। साथ ही पश्चिम क्षेत्र महामंत्री विनोद, मेरठ प्रांत अध्यक्ष ज्ञानेश्वर टोंक, अवध प्रांत संगठन मंत्री कपिल शर्मा और जयराम, कानपुर प्रांत अध्यक्षा आरती लाल चंदानी, गोरक्ष प्रांत महामंत्री अमित सिंह, पूर्वी उत्तर प्रदेश अध्यक्ष कमलाकर सिंह, काशी सचिव राजेश राय और सेवा भारती से अतुल सिंह भी उपस्थित रहे।


