Bharat Ranbhoomi Darshan Abhiyan: सेना प्रमुख ने ‘भारत रणभूमि दर्शन अभियान’ को हरी झंडी दिखाई

Bharat Ranbhoomi Darshan Abhiyan: सेना प्रमुख ने ‘भारत रणभूमि दर्शन अभियान’ को हरी झंडी दिखाई
नई दिल्ली। थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने बुधवार को राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर ‘भारत रणभूमि दर्शन अभियान’ का समापन करते हुए इसे फ्लैग-इन किया। इस अवसर पर कई नागरिक और सैन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। यह अभियान तोपखाना रेजिमेंट के नेतृत्व में आयोजित किया गया था और इसमें भारतीय नौसेना तथा सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने भी भाग लिया।
थल सेनाध्यक्ष ने कहा कि ऐसे अभियान न केवल भारत की समृद्ध सैन्य विरासत को संरक्षित करने में मदद करते हैं, बल्कि नई पीढ़ी को राष्ट्र सेवा के सर्वोच्च आदर्शों के लिए प्रेरित भी करते हैं। यह अभियान बीते 3 फरवरी को द्वारका से शुरू हुआ और दिल्ली में समाप्त हुआ। इस दौरान कुल 3,400 किलोमीटर का सफर तय किया गया, जिसमें गुजरात और राजस्थान के प्रमुख युद्ध क्षेत्रों, कच्छ का रण, थार रेगिस्तान, लोंगेवाला, जैसलमेर, बीकानेर और अंबाला से दिल्ली तक का मार्ग शामिल था।
35 सदस्यीय दल में भारतीय सेना के तोपखाना रेजिमेंट के जवानों के साथ भारतीय नौसेना और सीमा सुरक्षा बल के कर्मी शामिल थे। यात्रा के दौरान दल ने विभिन्न युद्ध स्मारकों पर शहीदों को श्रद्धांजलि दी और वीर नारियों, पूर्व सैनिकों, एनसीसी कैडेटों तथा सीमावर्ती क्षेत्रों के नागरिकों से संवाद किया।
यह अभियान भारत की सैन्य विरासत को सम्मान देने और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। साथ ही यह देश के ऐतिहासिक युद्धस्थलों और सीमावर्ती क्षेत्रों के महत्व को उजागर करने में भी सहायक रहा। अभियान के माध्यम से नागरिकों और जवानों के बीच जुड़ाव बढ़ाने, देशभक्ति और सेवा के मूल्यों को युवाओं में प्रोत्साहित करने का प्रयास किया गया।





