उत्तर प्रदेश : लखनऊ कूच पर निकले बुलंदशहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष नजरबंद

Bulandshar News (अवनीश त्यागी) : बुलंदशहर से विधानसभा का घेराव करने लखनऊ जा रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस ने बीच रास्ते में रोक दिया। लखनऊ कूच पर अड़े कांग्रेस जिलाध्यक्ष एडवोकेट जियाउर्रहमान और उनके साथियों को पुलिस ने हिरासत में लेकर बाद में उनके घर पर ही नजरबंद कर दिया। यह कार्रवाई उस समय की गई जब कार्यकर्ता एनएच-509 से लखनऊ की ओर बढ़ रहे थे।
जिलाध्यक्ष जियाउर्रहमान के साथ पूर्व जिलाध्यक्ष सुभाष गांधी, कॉर्डिनेटर राजकुमार पंडित, जिला सचिव कुंवर आदिल, सुरेंद्र उपाध्याय और भजनलाल विमल सहित कई अन्य पदाधिकारियों को भी हिरासत में लिया गया। पुलिस सभी को पहले अज्ञात स्थान पर ले गई और बाद में घरों पर ही नजरबंद कर दिया। इस दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।
जियाउर्रहमान ने पुलिस कार्रवाई को मजदूरों, गरीबों और आमजन की आवाज दबाने का प्रयास बताया। उन्होंने कहा कि सरकार कांग्रेस नेताओं को हिरासत में लेकर लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन कर रही है। उन्होंने इस कदम को अलोकतांत्रिक बताते हुए कहा कि यह संविधान प्रदत्त अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सीधा हमला है।
कांग्रेस पार्टी ने पुलिस की इस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए सभी नेताओं को तत्काल रिहा करने की मांग की है। जिलाध्यक्ष ने कहा कि मनरेगा को बचाने की लड़ाई मजदूरों और गरीबों के अधिकारों की लड़ाई है तथा कांग्रेस जनहित के मुद्दों पर संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कांग्रेस के विधानसभा घेराव से घबराई हुई है और इसी कारण नेताओं को जगह-जगह नजरबंद किया जा रहा है।
इस दौरान मोहनलाल सिंह, फिरोज खान, मुनाजिम खान, सगीर अहमद, नरेश बाल्मीकि, राजकुमार बघेल सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए सड़क से सदन तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।



