
New Delhi : दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय अंग प्रत्यारोपण कार्यक्रम के तहत केंद्र सरकार के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि इस समझौते के बाद दिल्ली में स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन की स्थापना का रास्ता साफ हो गया है, जिससे राजधानी में अंगदान और अंग प्रत्यारोपण की व्यवस्था को अधिक प्रभावी और सुव्यवस्थित बनाया जा सकेगा।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि मानव अंग और ऊतक प्रत्यारोपण अधिनियम 1994 और 2014 के नियमों के अनुसार देश में अंग प्रत्यारोपण की व्यवस्था तीन स्तरों पर संचालित होती है। राष्ट्रीय स्तर पर नेशनल ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांटेशन ऑर्गनाइजेशन, क्षेत्रीय स्तर पर रीजनल ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांटेशन ऑर्गनाइजेशन और राज्य स्तर पर स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांटेशन ऑर्गनाइजेशन काम करते हैं।
उन्होंने कहा कि अब तक दिल्ली में अंग प्रत्यारोपण से जुड़े कई समन्वय कार्य नेशनल ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांटेशन ऑर्गनाइजेशन के माध्यम से किए जा रहे थे, जबकि राजधानी में बड़ी संख्या में प्रत्यारोपण केंद्र होने के बावजूद राज्य स्तर पर अलग व्यवस्था स्थापित नहीं हो सकी थी। अब स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन की स्थापना से अंग प्रत्यारोपण से जुड़े कार्यों के लिए राज्य स्तर पर एक मजबूत प्रणाली विकसित होगी।
रेखा गुप्ता ने कहा कि इस व्यवस्था के शुरू होने से अंगों के आवंटन और प्रतीक्षा सूची का प्रबंधन, प्रत्यारोपण और अंग प्राप्त करने वाले अस्पतालों के बीच बेहतर समन्वय, मृतक अंगदान को बढ़ावा, जरूरत पड़ने पर ग्रीन कॉरिडोर की व्यवस्था और प्रत्यारोपण से जुड़ी रिपोर्टिंग व रिकॉर्ड का संचालन अधिक व्यवस्थित तरीके से किया जा सकेगा।
उन्होंने बताया कि अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए सूचना, शिक्षा और संचार से जुड़े अभियान चलाए जाएंगे। इसके साथ ही अंग प्रत्यारोपण समन्वयकों और अस्पतालों के कर्मचारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे उनकी क्षमता और कौशल को मजबूत किया जा सकेगा और राष्ट्रीय अंग प्रत्यारोपण कार्यक्रम के बेहतर क्रियान्वयन और निगरानी को भी मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समझौता ज्ञापन के बाद दिल्ली को केंद्र सरकार से कई तरह का सहयोग मिलेगा। इसके तहत स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन की स्थापना और संचालन के लिए वित्तीय सहायता, कार्यालय और आईटी प्रणाली विकसित करने के लिए अवसंरचना सहायता तथा मानव संसाधन और संचालन से जुड़े खर्चों के लिए नियमित अनुदान उपलब्ध कराया जाएगा।
उन्होंने कहा कि राज्य स्तर पर अंगदान जागरूकता अभियान को मजबूत किया जाएगा और प्रत्यारोपण से जुड़े विशेषज्ञों के लिए प्रशिक्षण व क्षमता निर्माण कार्यक्रम भी चलाए जाएंगे। साथ ही सरकारी अस्पतालों में अंग प्राप्ति केंद्र और ट्रांसप्लांट सुविधाओं के विकास को भी बढ़ावा दिया जाएगा।
रेखा गुप्ता ने कहा कि इस व्यवस्था के लागू होने से दिल्ली में अंगदान और अंग प्रत्यारोपण की पूरी प्रणाली अधिक संगठित, पारदर्शी और प्रभावी बनेगी। इससे अंगों के आवंटन और प्रतीक्षा सूची के प्रबंधन में पारदर्शिता बढ़ेगी और अस्पतालों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा।
उन्होंने कहा कि इससे जरूरतमंद मरीजों को समय पर जीवनरक्षक अंग उपलब्ध कराने में बड़ी मदद मिलेगी और कई लोगों को नया जीवन मिल सकेगा। दिल्ली सरकार अंगदान को जनआंदोलन बनाने और स्वास्थ्य संस्थानों की क्षमता को मजबूत करने की दिशा में लगातार काम करती रहेगी, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों तक यह जीवन बचाने वाली व्यवस्था पहुंच सके।

