Water Bill Recovery Greater Noida: ग्रेटर नोएडा में पेयजल का 49 करोड़ बकाया जमा, बड़े बकाएदारों पर होगी सख्त कार्रवाई

Water Bill Recovery Greater Noida: ग्रेटर नोएडा में पेयजल का 49 करोड़ बकाया जमा, बड़े बकाएदारों पर होगी सख्त कार्रवाई
उत्तर प्रदेश के Noida और ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में पेयजल बिल वसूली को लेकर स्थिति गंभीर बनी हुई है। इस वित्तीय वर्ष में अब तक लगभग 49 करोड़ रुपये का बकाया ही जमा हो सका है, जबकि कुल बकाया राशि कहीं अधिक है।
जानकारी के अनुसार, Greater Noida Authority के तहत 51 हजार से अधिक पेयजल कनेक्शन हैं। इनमें लगभग 29 हजार से अधिक आवंटियों और करीब 90 बिल्डर सोसाइटियों पर लगभग 250 करोड़ रुपये का बकाया लंबित है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में 76.80 करोड़ रुपये का बिल जारी किया गया था, जिसके मुकाबले अब तक 49 करोड़ रुपये की वसूली हुई है। विभाग ने बकायेदारों को 31 मार्च तक भुगतान का अंतिम मौका दिया था, जिसके बाद अब बकाया राशि पर 12 प्रतिशत ब्याज लगाया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, पिछले साल भी बड़े बकाएदारों से करीब 43 करोड़ रुपये की वसूली की गई थी। इसके बावजूद कई बिल्डर सोसाइटियां लगातार भुगतान नहीं कर रही हैं, जिससे जल आपूर्ति और रखरखाव कार्य प्रभावित हो रहा है।
Greater Noida Authority ने 101 सोसाइटियों को नोटिस जारी किया था, जिन पर लगभग 150 करोड़ रुपये बकाया है। कई मामलों में अंतिम नोटिस के बावजूद वर्षों से भुगतान नहीं किया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि अपार्टमेंट ऑनर्स एसोसिएशन (AOA) वाली सोसाइटियों में सबसे ज्यादा दिक्कत आ रही है, जहां फ्लैट मालिकों से पैसा वसूलने के बाद भी प्राधिकरण को भुगतान नहीं किया जाता।
वरिष्ठ प्रबंधक विनोद कुमार शर्मा ने बताया कि कुछ सोसाइटियों ने तो वर्षों से पेयजल बिल जमा ही नहीं किया है, जिससे विभागीय कामकाज प्रभावित हो रहा है।
अब प्राधिकरण ने बड़े बकाएदारों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है, जिसमें कनेक्शन काटने और आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) जारी करने की प्रक्रिया शामिल है।
इसके साथ ही पानी की बचत और पारदर्शिता के लिए सभी ग्रुप हाउसिंग सोसाइटियों में वाटर मीटर लगाने की योजना भी तेज कर दी गई है। कुछ सोसाइटियों में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर पहले ही मीटर लगाए जा चुके हैं।


