Fertilizer Use: किसानों को संतुलित उर्वरक और जैविक खेती के लिए प्रोत्साहित करें विक्रेता
नोएडा। मुख्य विकास अधिकारी भाल चंद्र त्रिपाठी ने उर्वरक विक्रेताओं से किसानों को संतुलित मात्रा में उर्वरकों का इस्तेमाल करने और जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए जागरूक करने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसानों को गोबर की खाद, कंपोस्ट और जैव उर्वरकों के साथ वैकल्पिक उर्वरकों के इस्तेमाल के लिए भी प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।
मुख्य विकास अधिकारी बृहस्पतिवार को नैनो यूरिया प्लस एवं नैनो डीएपी आधारित विक्रेता प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि फसल उत्पादन बढ़ाने के लिए उर्वरकों का संतुलित इस्तेमाल जरूरी है। किसानों को आवश्यकता के अनुसार ही उर्वरक उपलब्ध कराने और उनके सही इस्तेमाल की जानकारी देने में विक्रेताओं की महत्वपूर्ण भूमिका है।
कार्यक्रम में इफको के क्षेत्रीय प्रबंधक ब्रजवीर ने उर्वरक विक्रेताओं को नैनो डीएपी, नैनो यूरिया प्लस, नैनो जिंक और नैनो कॉपर सहित विभिन्न नैनो उत्पादों की उपयोगिता और अनुशंसित मात्रा के बारे में जानकारी दी। उन्होंने इनके सही तरीके से इस्तेमाल और किसानों तक तकनीकी जानकारी पहुंचाने पर जोर दिया।
जिला कृषि अधिकारी विवेक दूबे ने दानेदार उर्वरकों के अधिक और असंतुलित इस्तेमाल से होने वाले नुकसान के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि किसानों को मिट्टी और फसल की जरूरत के अनुसार उर्वरकों का इस्तेमाल करने के लिए जागरूक किया जाना चाहिए। उन्होंने उर्वरक विक्रेताओं से किसानों को नैनो उर्वरकों के लाभ और उनके सही इस्तेमाल की जानकारी देने की अपील की।
कार्यक्रम में सुमित तेवतिया, नेहा सिंह, राजीव कुमार सहित कृषि विभाग के अधिकारी और बड़ी संख्या में उर्वरक विक्रेता मौजूद रहे।


