नोएडा की सुधरेगी कनेक्टिविटी, ‘कॉम्प्रिहेंसिव रीजनल ट्रांसपोर्ट प्लान’ तैयार कराएगी योगी सरकार

नोएडा/लखनऊ, 28 सितंबर। उत्तर प्रदेश को उत्तम प्रदेश बनाने के प्रतिबद्ध योगी सरकार नोएडा समेत एनसीआर के समीप पड़ने वाले क्षेत्रों में कनेक्टिविटी सुधारने के लिए कॉम्प्रिहेंसिव रीजनल ट्रांसपोर्ट प्लान तैयार कराने जा रही है। सीएम योगी के विजन अनुसार नवीन ओखला विकास प्राधिकरण द्वारा परियोजना पर काम किया जा रहा है। परियोजना के अनुसार, प्लान तैयार होने के बाद नोएडा, यीडा व ग्रेटर नोएडा के अतिरिक्त गाजियाबाद, दादरी, बुलंदशहर और हापुड़ को भी बेहतर कनेक्टिविटी का लाभ मिलेगा। वहीं, दिल्ली, फरीदाबाद, गुरुग्राम व हरियाणा के उत्तर प्रदेश से लगते इलाकों में व्यापक कनेक्टिविटी का मार्ग भी इस ‘कॉम्प्रिहेंसिव रीजनल ट्रांसपोर्ट प्लान व स्ट्रैटेजी’ के निर्माण से प्रशस्त होगा। उल्लेखनीय है कि परियोजना के अंतर्गत सभी अर्बन रीजन में आमजन के ट्रांसपोर्टेशन मीडियम के साथ फ्रेट व लॉजिस्टिक्ट्स मूलमेंट समेत जेवर एयरपोर्ट से कनेक्टिविटी जैसे विषयों को लेकर भी कॉम्प्रिहेंसिव प्लान तैयार किया जाएगा।

टेक्निकल फिजबिलिटी रिपोर्ट समेत कई प्लान का होगा निर्माण
परियोजना के अंतर्गत नई दिल्ली मेट्रो स्टेशन (एईएल) से नॉलेज पार्क-II (ग्रेटर नोएडा) तक मेट्रो कॉरिडोर के विस्तार के लिए तकनीकी व्यवहार्यता रिपोर्ट (डीएमआरसी द्वारा) तैयार की जाएगी। इसके साथ ही, नॉलेज पार्क-II (ग्रेटर नोएडा) से नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे तक मेट्रो कॉरिडोर के लिए डीपीआर (डीएमआरसी द्वारा) तैयार की जाएगी। वहीं, हाईस्पीड रेल लिंक (एनएचएसआरसीएल) के विकास और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट टर्मिनल पर इसके स्टॉप के लिए अध्ययन की प्रक्रिया को भी पूरा किया जाएगा।

पर्सनल रैपिड ट्रांजिट के लिए होगा अध्ययन
सीएम योगी के विजन अनुसार, निर्माणाधीन फिल्म सिटी और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बीच पर्सनल रैपिड ट्रांजिट के लिए अध्ययन की प्रक्रिया को भी परियोजना के अंतर्गत पूरा किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (यीडा में इंटरचेंज) का विकास, एनएच-91 (एनएचएआई द्वारा) का प्रस्तावित विकास तथा खुर्जा और जेवर के बीच लिंक रोड के निर्माण का खाका भी नोएडा प्राधिकरण द्वारा बनाई जा रही ‘कॉम्प्रिहेंसिव रीजनल ट्रांसपोर्ट प्लान’ तैयार होगा। वहीं, क्षेत्रीय रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस), लाइट रेल ट्रांजिट (एलआरटी), ऑर्बिटल रेल परियोजना, मल्टी-मोडल लॉजिस्टिक्स पार्क (एमएमएलपी), और क्षेत्र के भीतर विभिन्न लॉजिस्टिक्स परियोजनाएँ को गति देने की प्रक्रिया का भी निर्धारण होगा।

पचास वर्षों की जरूरतों के हिसाब से तैयार होगी स्ट्रैटेजी
इस कार्य को पूरा करने के लिए प्राधिकरण द्वारा सलाहकारों की टीम का चयन किया जाएगा। इस कॉम्प्रिहेंसिव प्लान को भारत सरकार की आवास व शहरी मंत्रालय क गाइडलाइंस के अनुरूप तैयार किया जाएगा। सभी अर्बन क्षेत्रों में स्मार्ट ट्रैफिक सॉल्यूशन उपलब्ध कराने, इन क्षेत्रों के इकॉनमिक डेवलपमेंट व निवेश के अवसर तलाशने और अगले पचास वर्षों की भविष्यगामी जरूरतों को देखते हुए परिवहन सेवाओं के विकास को लेकर स्ट्रैटेजी तैयार की जाएगी। इन क्षेत्रों में इंटरमीडिएट पब्लिक ट्रांसपोर्ट की व्यवस्था को प्रगति देने का मार्ग प्रशस्त होगा।

Hot this week

Topics

spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img