Noida Diwali Diyas: नोएडा के बाजारों में मिट्टी और डिजाइनर दीयों की रौनक, कुम्हारों की दुकानों पर बढ़ी चहल-पहल
दिवाली नजदीक आने के साथ नोएडा के प्रमुख बाजारों में सजावट और पूजा सामग्री की दुकानें सज गई हैं। भंगेल, सेक्टर-59 की मामूरा मार्केट, सेक्टर-18 की अट्टा मार्केट और सेक्टर-27 की इंदिरा मार्केट में मिट्टी के पारंपरिक दीयों के साथ कई प्रकार के डिजाइनर दीये ग्राहकों का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं।
बाजारों में लड़ी वाले दीये, प्लास्टिक के रंगीन डिजाइन, एलईडी, कमल के आकार वाले, पंचमुखी, मोम वाले और पानी में तैरने वाले दीये उपलब्ध हैं। इनका उपयोग घरों के प्रवेश-द्वार, बालकनी, पूजा स्थल और अन्य सजावटी स्थानों पर किया जा रहा है। दुकानदार संतोष के अनुसार सजावटी दीयों की कीमतों में हर साल करीब दो से पांच रुपये की बढ़ोतरी होती है और ग्राहक अपनी पसंद तथा बजट के हिसाब से खरीदारी करते हैं।
मिट्टी के पारंपरिक दीयों की मांग भी बनी हुई है। कुम्हारों ने छोटे-बड़े आकार में करीब 12 से 15 तरह के दीये तैयार किए हैं, जिनकी कीमत लगभग 10 से 120 रुपये के बीच बताई गई है। मिट्टी के दीये बनाने वाले दीपक के अनुसार सबसे बड़ा दीया करीब 120 रुपये का है और लगभग छह से सात घंटे तक जल सकता है। उनके मुताबिक इस साल कीमतों में पिछले साल की तुलना में अधिक बदलाव नहीं हुआ है।
कुम्हारों का कहना है कि दीये तैयार करने और सुखाने में कई दिन लगते हैं। यह काम उनके परिवारों की पुश्तैनी आजीविका से जुड़ा है। दिवाली और विवाह के मौसम में बिक्री बढ़ती है। कुछ ग्राहक घर और बालकनी सजाने के लिए एक बार में 150 से 200 दीये भी खरीदते हैं।
दिवाली के लिए शहर के मंदिरों में भी साफ-सफाई और सजावट की जा रही है। सेक्टर-19 के सनातन धर्म मंदिर, सेक्टर-2 के लाल मंदिर, सेक्टर-20 के हनुमान मंदिर और सेक्टर-62 के विनायक मंदिर समेत अन्य स्थानों पर फूलों और रंग-बिरंगी लाइटों से सजावट की तैयारी है। पुजारियों के अनुसार त्योहार के दौरान श्रद्धालुओं के लिए पूजा-पाठ और प्रसाद की व्यवस्था की जाएगी तथा जरूरतमंदों को भी प्रसाद वितरित किया जाएगा।





